बिहार सरकार बिजनेस के लिए दे रही ₹10 लाख तक लोन, जानें किसे मिलता है लाभ, कैसे करें आवेदन
आज महिलाएं केवल सपने नहीं देख रहीं, बल्कि उन्हें साकार भी कर रही हैं. इसी उद्देश्य से बिहार सरकार ने मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना शुरू की है. यह योजना उन महिलाओं के लिए एक बेहतरीन अवसर है, जो अपना खुद का व्यवसाय शुरू कर आत्मनिर्भर बनना चाहती हैं. आर्थिक सहायता और प्रशिक्षण के साथ यह योजना महिला सशक्तिकरण को नई दिशा देती है.
Mukhyamantri Mahila Udyami Yojana: आज के समय में महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं और अपने सपनों को साकार कर रही हैं. इसी सोच को मजबूत करने के लिए बिहार सरकार ने मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना की शुरुआत की है. यह योजना उन महिलाओं के लिए एक सुनहरा अवसर है, जो अपना खुद का व्यवसाय शुरू करना चाहती हैं, लेकिन पैसों या मार्गदर्शन की कमी के कारण पीछे रह जाती हैं. इस योजना के तहत महिलाओं को आर्थिक सहायता, प्रशिक्षण और आत्मनिर्भर बनने का पूरा सहयोग दिया जाता है. खास बात यह है कि इसमें ट्रांसजेंडर समुदाय को भी शामिल किया गया है. अगर आप भी कुछ नया शुरू करने का सपना देख रही हैं, तो यह योजना आपके लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकती है.
क्या है मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना?
“मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना” बिहार सरकार की “मुख्यमंत्री उद्यमी योजना” के अंतर्गत चलाई जा रही है. इस योजना का उद्देश्य राज्य के सभी वर्गों में उद्यमिता और स्वरोजगार को बढ़ावा देना है. इसके तहत महिला आवेदकों को अपना व्यवसाय शुरू करने और चलाने के लिए ₹10,00,000 तक की वित्तीय सहायता दी जाती है, जिससे वे आत्मनिर्भर बन सकें और राज्य की आर्थिक प्रगति में योगदान दे सकें. यह योजना महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देती है और इसमें ट्रांसजेंडर समुदाय को भी लाभ प्रदान किया जाता है.
इस योजना के लाभ
इस योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को व्यवसाय शुरू करने के लिए ₹10,00,000 तक की आर्थिक सहायता दी जाती है. इसमें से 50% राशि (अधिकतम ₹5,00,000) अनुदान के रूप में दी जाती है, जिसे वापस नहीं करना होता है. शेष 50% राशि (अधिकतम ₹5,00,000) ब्याज मुक्त लोन के रूप में मिलती है, जिस पर केवल 1% नाममात्र ब्याज और कुछ विशेष शर्तें लागू होती हैं. इसके अलावा, लाभार्थियों को उद्यमिता से जुड़े कौशल विकसित करने के लिए अनिवार्य प्रशिक्षण भी दिया जाता है, जिससे वे अपना व्यवसाय सफलतापूर्वक चला सकें.
किसे मिलता है लाभ?
इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक का बिहार का स्थायी निवासी होना आवश्यक है. आवेदक महिला होनी चाहिए, हालांकि इस योजना में ट्रांसजेंडर समुदाय को भी शामिल किया गया है. शैक्षणिक योग्यता के रूप में आवेदक ने कम से कम 10+2, इंटरमीडिएट, आईटीआई, पॉलिटेक्निक डिप्लोमा या इसके समकक्ष परीक्षा पास की हो. आवेदक की आयु 18 से 50 वर्ष के बीच होनी चाहिए.
इन दस्तावेज का होना जरूरी
- मैट्रिक (10वीं) का प्रमाण पत्र, जिसमें जन्म तिथि दर्ज हो.
- इंटरमीडिएट (12वीं) या समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण का प्रमाण पत्र.
- जाति प्रमाण पत्र.
- स्थायी निवास प्रमाण पत्र.
- दिव्यांग प्रमाण पत्र (यदि लागू हो).
- आवेदक का पासपोर्ट साइज फोटो.
- आवेदक के हस्ताक्षर.
कैसे करें आवेदन?
- सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं और Registration/Log in पर क्लिक करें.
- योजना सूची में मुख्यमंत्री उद्यमी योजना (MMUY) का चयन करें.
- अपना आधार नंबर दर्ज करें और पासवर्ड बनाएं.
- विवरण भरने के बाद Login पर क्लिक करें.
- रजिस्ट्रेशन फॉर्म खुलेगा, उसमें सभी आवश्यक जानकारी सावधानी से भरें.
- फॉर्म पूरा होने पर Submit बटन पर क्लिक करें.
- रजिस्ट्रेशन सफल होने के बाद, आधार नंबर और पासवर्ड से पोर्टल में लॉग इन करें.
- डैशबोर्ड पर आवेदन फॉर्म खुलेगा, सभी जानकारी सही-सही भरें.
- निर्देशानुसार सभी आवश्यक दस्तावेज़ अपलोड करें.
- आवेदन की एक बार अच्छे से जांच करें.
- अंत में Submit बटन पर क्लिक करके आवेदन पूरा करें.
- आवेदन की रसीद (Acknowledgement) डाउनलोड करें और प्रिंट निकालकर सुरक्षित रखें.