AI से पैसा छाप रही हैं ये 4 कंपनियां! कोई चला रहा GPU क्लस्टर, कोई डेटा सेंटर; रडार पर रखें ये स्टॉक
भारत अब सिर्फ विदेशी तकनीक का उपभोक्ता नहीं, बल्कि अपना सॉवरेन AI इकोसिस्टम तैयार कर रहा है. ₹10,372 करोड़ के IndiaAI Mission और तेजी से बढ़ते डेटा सेंटर निवेश के बीच 4 कंपनियां AI क्रांति की सबसे बड़ी लाभार्थी बनकर उभर रही हैं.
भारत की पहचान अब सिर्फ दुनिया के बनाए डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर को इस्तेमाल करने वाले देश की नहीं रही. वह दौर जल्द ही पीछे छूटने वाला है जब हमारा डेटा अमेरिकी क्लाउड पर चले, चिप ताइवान से आए और एआई (AI) मॉडल अमेरिकी सर्वरों पर ट्रेन हो. आज भारत खुद का ‘सॉवरेन एआई’ (Sovereign AI) नेटवर्क खड़ा कर रहा है. ₹10,372 करोड़ के बजट वाले ‘इंडिया एआई मिशन’ के तहत देश में 38,000 जीपीयू (GPUs) तैनात करने का टारगेट है, ताकि विदेशी तकनीक पर निर्भरता खत्म हो सके.
नीति आयोग के मुताबिक, यह बदलाव भारत के 49 करोड़ असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को सशक्त बनाने की ताकत रखता है. यही वजह है कि देश की डेटा सेंटर क्षमता जो आज 1,280 मेगावाट है, वह 2030 तक 4 से 5 गुना बढ़ने की उम्मीद है. शेयर बाजार के लिहाज से यह निवेशकों के लिए एक बड़ा मौका है. जो कंपनियां सर्वर बना रही हैं, जीपीयू क्लस्टर चला रही हैं या डेटा सेंटर के लिए जमीन दे रही हैं, उनका भविष्य चमक रहा है. आइए ऐसी ही 4 भारतीय कंपनियों पर नजर डालते हैं जो इस एआई क्रांति की रीढ़ बन रही हैं:
- Netweb Technologies Share
नेटवेब टेक्नोलॉजीज हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटर और एआई सर्वर बनाने वाली देश की अग्रणी कंपनी है. इसका सबसे बड़ा फायदा इसकी दिग्गज टेक कंपनी एनवीडिया (Nvidia) के साथ साझेदारी है. नेटवेब अपने ‘टायरोन’ (Tyrone) ब्रांड के तहत एनवीडिया के एडवांस्ड ग्रेस सीपीयू और ग्रेस हॉपर सुपरचिप आर्किटेक्चर पर आधारित सुपरकंप्यूटर्स बनाती है.

वित्तीय स्थिति और भविष्य:
- पिछले 5 वर्षों में कंपनी की सेल्स 49% और नेट प्रॉफिट 97% के कंपाउंडेड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) से बढ़ा है.
- इसका रिटर्न ऑन इक्विटी (ROE) 36% और रिटर्न ऑन कैपिटल एम्प्लॉयड (ROCE) औसतन 44% रहा है.
- मैनेजमेंट को भरोसा है कि आने वाले सालों में कंपनी की कमाई 35-40% की रफ्तार से बढ़ती रहेगी.
- E2E Networks
ई2ई नेटवर्क्स एक क्लाउड प्लेटफॉर्म कंपनी है जो एनवीडिया, इंटेल और एएमडी के शक्तिशाली जीपीयू और सीपीयू इन्फ्रास्ट्रक्चर का इस्तेमाल कर एआई और मशीन लर्निंग एप्लीकेशंस को सपोर्ट करती है. देश के डेटा को देश में ही सुरक्षित रखने (Sovereign AI) के लिए इसके चार डेटा सेंटर्स नोएडा, चेन्नई और मुंबई में काम कर रहे हैं. कंपनी ने चेन्नई में लार्सन एंड टुब्रो (L&T) के डेटा सेंटर के साथ भी साझेदारी की है.

वित्तीय स्थिति और भविष्य:
- पिछले 5 साल में कंपनी का रेवेन्यू 46% CAGR की रफ्तार से बढ़ा है और कंपनी घाटे से उबरकर मुनाफे में आई है.
- 5 साल का औसत ROE 15% और ROCE 13% रहा है.
- ‘इंडियाएआई मिशन’ के तहत कंपनी को कई कॉन्ट्रैक्ट मिले हैं. फिलहाल इसके पास 3,700 जीपीयू हैं, जिन्हें दो साल में बढ़ाकर 10,000 से अधिक करने की योजना है.
- Anant Raj
यह दिल्ली-एनसीआर की एक प्रमुख रियल एस्टेट कंपनी है, जिसके पास ऐतिहासिक रूप से बेहद कम कीमत पर खरीदी गई जमीनों का बड़ा बैंक है. अब यह कंपनी अपने इसी मौजूदा इन्फ्रास्ट्रक्चर और जमीन का इस्तेमाल डेटा सेंटर और क्लाउड सेगमेंट में कदम रखने के लिए कर रही है, जिससे इसकी लागत और समय दोनों की बचत हो रही है.

वित्तीय स्थिति और भविष्य:
- रियल एस्टेट की मजबूत मांग और कर्ज कम होने की वजह से कंपनी का नेट प्रॉफिट इसके रेवेन्यू से भी तेज गति से बढ़ा है.
- इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने इसे सॉवरेन क्लाउड सर्विस प्रोवाइडर और बीएसएनएल (BSNL) ने डेटा सेंटर सर्विस प्रोवाइडर के रूप में मान्यता दी है.
- कंपनी का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2028 तक पूरी क्षमता से काम शुरू होने पर इस सेगमेंट से करीब ₹12 अरब (Rs 12 bn) का रेवेन्यू मिलेगा.
यह भी पढ़ें: Vedanta Demerger Big Update: लिस्टिंग के बाद चारों कंपनियों में क्या होनी चाहिए आपकी रणनीति?
- Kaynes Technology
कायनेस टेक्नोलॉजी इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग (EMS) सेक्टर से आगे बढ़कर अब डिजाइन-बेस्ड मैन्युफैक्चरिंग (ESDM) कंपनी बन रही है. यह एआई वैल्यू चेन में लगने वाले एम्बेडेड सिस्टम्स, प्रोडक्ट डिजाइन और सेमीकंडक्टर पैकेजिंग (OSAT) जैसे क्षेत्रों में निवेश कर रही है.

वित्तीय स्थिति और भविष्य:
- पिछले 5 वर्षों में कंपनी की सेल्स 49% और नेट प्रॉफिट 99% की सालाना CAGR से बढ़ी हैं.
- इसका औसत ROE 11% और ROCE 21% रहा है.
- कंपनी पीसीबी (PCB) मैन्युफैक्चरिंग और सेमीकंडक्टर प्लांट लगाने के लिए ₹1.5 अरब का निवेश कर रही है. वित्त वर्ष 2028 तक कंपनी ने 1 अरब डॉलर के रेवेन्यू का लक्ष्य रखा है.
डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.
Latest Stories
NSE के IPO से प्रेशर में BSE के शेयर, रेवेन्यू, प्रॉफिट ग्रोथ और मार्केट शेयर पर दिखेगा असर?
FII मेहरबान… 6 महीने में पैसा डबल! अब 3 दिन में 28% तक चढ़ा यह डिफेंस शेयर, इस सरकारी स्कीम से मिला बूस्ट
इस शेयर ने मचाया गदर! कुवैत से मिला मेगा ऑर्डर; रेखा झुनझुनवाला को हुआ ₹457000000 का मुनाफा
