Midcap और Smallcap शेयरों में अब क्या करना है ? प्रशांत जैन से जानिए
प्रशांत जैन के अनुसार मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में कोविड के बाद आई तेज तेजी के कारण उनकी कीमतें फंडामेंटल्स से बहुत आगे निकल गईं थीं, इसलिए इन सेक्टरों की गिरावट अभी पूरी नहीं हुई है और और correction संभव है. उन्हें लगता है कि यह adjustment समय के साथ और हो सकता है और यह क्षेत्र अभी भी महंगा दिखता है. इसके विपरीत, बड़े शेयर अब संतुलित risk-reward पर हैं और उनके valuation fair हैं. जैन कहते हैं कि अगले 3–5 साल में इंडेक्स से लगभग 11–12% सालाना रिटर्न मिलने की संभावना है, लेकिन निवेशकों को धैर्य रखना होगा क्योंकि निराशाजनक returns भी आ सकते हैं. वह IPO में शॉर्ट-टर्म गेंस के पीछे भागने से बचने और स्ट्रॉन्ग फंडामेंटल वाली कंपनियों पर ध्यान देने की सलाह देते हैं.




