बिहार-यूपी, दिल्ली समेत कई राज्यों में गर्मी बरकरार, आखिर क्यों नहीं हो रही बारिश? IMD ने बताई वजह

उत्तर भारत में मानसून की रफ्तार अभी धीमी बनी हुई है, जिससे दिल्ली, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में झमाझम बारिश का इंतजार जारी है. IMD के अनुसार, अगले 3 से 4 दिनों में मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं. इस दौरान कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है, जबकि कुछ इलाकों में लू का असर भी बना रहेगा.

क्या है मौसम का हाल

Monsoon 2026: जून का आखिरी सप्ताह चल रहा है, लेकिन उत्तर प्रदेश, दिल्ली समेत उत्तर भारत के कई राज्यों में लोग अब भी झमाझम बारिश का इंतजार कर रहे हैं. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब देश के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय हो चुका है, तब उत्तर भारत में बारिश की रफ्तार धीमी क्यों है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, अगले 3 से 4 दिनों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून के गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ के शेष हिस्सों, झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ और इलाकों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं.

मानसून की रफ्तार क्यों धीमी है?

IMD के अनुसार, वर्तमान में कई मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं. उत्तर राजस्थान से बिहार तक मौसमी ट्रफ बनी हुई है. इसके अलावा हरियाणा, मध्य प्रदेश, असम और बंगाल की खाड़ी के ऊपर अलग-अलग चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय हैं, जिनके प्रभाव से देश के विभिन्न हिस्सों में मौसम बदल रहा है. इन्हीं प्रणालियों के असर से आने वाले दिनों में उत्तर भारत में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है.

कब और कहां होगी बारिश?

मौसम विभाग के अनुसार, 30 जून से 1 जुलाई के बीच पूर्वी उत्तर प्रदेश में व्यापक बारिश होने की संभावना है. वहीं उत्तराखंड में 29 जून से 1 जुलाई और हिमाचल प्रदेश में 30 जून से 1 जुलाई के दौरान बारिश का दायरा बढ़ सकता है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 29 जून से 1 जुलाई के बीच बारिश की गतिविधियां तेज होने के आसार हैं. इस दौरान कई इलाकों में गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं.

दिल्ली का मौसम कैसा रहेगा?

दिल्ली में 26 से 28 जून के बीच आसमान में आंशिक बादल छाए रहने, हल्की बारिश, गरज-चमक और धूल भरी आंधी के साथ 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है. इसके बावजूद अधिकतम तापमान 39 से 41 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है. यानी लोगों को उमस और गर्मी से पूरी तरह राहत अभी नहीं मिलेगी.

कहां रहेगा भारी बारिश और लू का असर?

मौसम विभाग ने पूर्वी उत्तर प्रदेश में अगले 3 से 4 दिनों तक, जबकि बिहार और झारखंड में अगले 2 दिनों तक लू चलने की संभावना जताई है. वहीं पूर्वोत्तर भारत, पश्चिमी तट और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में सप्ताहभर भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है. उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 27 से 29 जून तथा असम और मेघालय में 28 जून को कहीं-कहीं अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है.

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