गणतंत्र दिवस पर पहली बार एक साथ दिखेंगे Rafale BrahMos और S-400,परेड में दिखेंगे दुश्मन को जवाब देने वाले हथियार
गणतंत्र दिवस परेड में इस बार त्रि सेवा झांकी के जरिए ऑपरेशन सिंदूर की सैन्य ताकत दिखाई जाएगी. इसमें राफेल, ब्रह्मोस, एस चार सौ, आकाश एयर डिफेंस सिस्टम, एम सेवन सेवन सेवन हॉवित्जर और हारोप ड्रोन जैसे आधुनिक हथियार शामिल होंगे.
Republic Day Parade: नई दिल्ली में 26 जनवरी को होने वाली गणतंत्र दिवस परेड में इस बार एक खास झांकी देखने को मिलेगी, जिसमें तीनों सेनाएं दिखेंगी. यह झांकी ऑपरेशन सिंदूर पर आधारित होगी. इसमें थल सेना नौसेना और वायु सेना की संयुक्त ताकत को दिखाया जाएगा. परेड में वही हथियार दिखेंगे जिनका इस्तेमाल हाल ही में आतंक के खिलाफ कार्रवाई में किया गया. इस झांकी के जरिए आम लोगों को यह समझाया जाएगा कि भारत अब तेजी से जवाब देने और सटीक हमला करने में सक्षम है. यह भारत की नई सुरक्षा नीति को भी दिखाएगा.
राफेल और ब्रह्मोस की ताकत
परेड में राफेल लड़ाकू विमान का मॉडल दिखाया जाएगा जो स्कैल्प मिसाइल से लैस होगा. राफेल की अनुमानित कीमत करीब 750 करोड़ रुपये प्रति विमान मानी जाती है. इसके साथ ही सुखोई 30 एमकेआई से दागी जाने वाली ब्रह्मोस मिसाइल को भी दिखाया जाएगा. ब्रह्मोस दुनिया की सबसे तेज सुपरसोनिक क्रूज मिसाइलों में शामिल है. इसकी एक मिसाइल की कीमत लगभग 30 करोड़ रुपये बताई जाती है. यह भारत की गहरी मारक क्षमता को दर्शाएगा.
| क्रम | हथियार का नाम | किस सेना द्वारा उपयोग | हथियार का प्रकार |
|---|---|---|---|
| 1 | राफेल फाइटर जेट | वायु सेना | मल्टी रोल फाइटर एयरक्राफ्ट |
| 2 | ब्रह्मोस मिसाइल | थल सेना व वायु सेना | सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल |
| 3 | एस चार सौ सिस्टम | वायु सेना | लॉन्ग रेंज एयर डिफेंस सिस्टम |
| 4 | सुखोई तीस एम के आई | वायु सेना | फाइटर एयरक्राफ्ट |
| 5 | स्कैल्प मिसाइल | वायु सेना | एयर टू सरफेस क्रूज मिसाइल |
| 6 | आकाश एयर डिफेंस सिस्टम | थल सेना व वायु सेना | सरफेस टू एयर मिसाइल सिस्टम |
| 7 | एम सात सात सात हॉवित्जर | थल सेना | अल्ट्रा लाइट आर्टिलरी गन |
| 8 | हारोप ड्रोन | थल सेना व वायु सेना | लोइटरिंग म्यूनिशन ड्रोन |
S-400 और आकाश सिस्टम का दम
इस झांकी में भारत की मजबूत एयर डिफेंस ताकत भी दिखाई जाएगी. S-400 एयर डिफेंस सिस्टम को विशेष रूप से प्रदर्शित किया जाएगा. यह सिस्टम 350 किलोमीटर तक दुश्मन के हवाई लक्ष्यों को नष्ट कर सकता है. यह सिस्टम की एक स्क्वाड्रन की कीमत करीब 7-8 हजार करोड़ रुपये मानी जाती है. इसके अलावा आकाश एयर डिफेंस सिस्टम भी दिखेगा जिसकी एक मिसाइल की लागत करीब 2.5 से 3 करोड़ रुपये होती है. यह भारत की हवाई सुरक्षा को मजबूत बनाता है.
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एडवांस हथियार भी होंगे शामिल
परेड में हारोप लाइटरिंग म्यूनिशन यानी आत्मघाती ड्रोन को भी दिखाया जाएगा. यह ड्रोन दुश्मन के रडार और ठिकानों को सटीक तरीके से नष्ट करता है. इसकी कीमत करीब 7 से 10 करोड़ रुपये प्रति यूनिट बताई जाती है. इसके साथ S- 777 अल्ट्रा लाइट होवित्जर तोप भी झांकी का हिस्सा होगी जिसकी अनुमानित कीमत करीब 35-40 करोड़ रुपये प्रति तोप है. ये हथियार दिखाएंगे कि भारत आधुनिक और तकनीकी युद्ध के लिए पूरी तरह तैयार है.