भारत बनने जा रहा सेमीकंडक्टर हब! इन 5 शेयरों पर रखें नजर; मजबूत हैं एक्सपेंशन प्लान

भारत तेजी से वैश्विक सेमीकंडक्टर हब बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है और वर्ष 2032 तक देश का सेमीकंडक्टर बाजार 100 अरब डॉलर से अधिक का हो सकता है. इस अवसर का फायदा उठाने के लिए Kernex Microsystems और Avalon Technologies जैसी कई कंपनियां अपने कारोबार का विस्तार कर रही हैं.

सेमीकंडक्टर स्टॉक्स Image Credit: canva/money9live

Semiconductor Stocks: दुनिया की आधुनिक अर्थव्यवस्था अब सेमीकंडक्टर चिप्स पर टिकी हुई है. स्मार्टफोन से लेकर इलेक्ट्रिक वाहन, डाटा सेंटर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रक्षा उपकरणों तक, हर क्षेत्र में चिप्स की मांग तेजी से बढ़ रही है. वैश्विक स्तर पर ताइवान बेहतर चिप निर्माण में प्रमुख है, लेकिन भारत भी अब इस क्षेत्र में बड़ी छलांग लगाने की तैयारी कर रहा है. अनुमान है कि भारत का सेमीकंडक्टर बाजार वर्ष 2032 तक 100 अरब डॉलर से अधिक का हो सकता है. केंद्र सरकार की नीतियों, बढ़ते इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण और वैश्विक कंपनियों की भारत में मौजूदगी के चलते इस क्षेत्र में अवसर तेजी से बढ़ रहे हैं. ऐसे में कुछ स्मॉलकैप कंपनियां अपनी विस्तार योजनाओं और कारोबार रणनीति के दम पर निवेशकों का ध्यान आकर्षित कर रही हैं.

Kernex Microsystems

Kernex Microsystems सीधे तौर पर चिप निर्माण नहीं करती, लेकिन इसके प्रोडक्ट्स में बड़ी मात्रा में सेमीकंडक्टर आधारित टेक्नोलॉजी का उपयोग होता है. कंपनी रेलवे सुरक्षा प्रणालियों के लिए डिजाइन, विकास, असेंबली, परीक्षण और सिस्टम इंटीग्रेशन सर्विस प्रदान करती है. “कवच” कार्यक्रम के तहत कंपनी Loco TCAS, Station TCAS और RFID टैग जैसे प्रोडक्ट्स बनाती है.

रेलवे सेक्टर में तकनीकी जटिलताओं और कड़े सुरक्षा मानकों के कारण इस कारोबार में प्रवेश की बाधाएं काफी ऊंची हैं, जिससे कंपनी को प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त मिलती है. Equitymaster की रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी के पास 25 अरब रुपये से अधिक का ऑर्डर बुक है, जो आने वाले वर्षों में रेवेन्यू बढ़ोतरी को सहारा दे सकता है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 2.86 फीसदी गिरकर 1836.10 रुपये पर पहुंच गया.

ASM Technologies

ASM Technologies डिजाइन आधारित मैन्युफैक्चरिंग और इंजीनियरिंग सर्विस के क्षेत्र में काम करती है. कंपनी की सहायक यूनिट ASM Digital Engineering सेमीकंडक्टर और ऑटोमोबाइल उद्योगों के लिए विशेष सॉल्यूशन विकसित करती है. कंपनी ने Hind High Vacuum समूह के साथ ज्वाइंट वेंचर स्थापित किया है, जो भारत में अत्याधुनिक सेमीकंडक्टर उपकरण निर्माण फैसिलिटी विकसित कर रहा है.

यह यूनिट सेमीकंडक्टर टूल्स, सब-सिस्टम और विभिन्न कंपोनेंट्स के डिजाइन और निर्माण पर काम करेगी. पिछले कुछ वर्षों में कंपनी के डिजाइन आधारित मैन्युफैक्चरिंग कारोबार का योगदान बढ़ा है, जिससे इसके विकास की संभावनाएं मजबूत हुई हैं. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 0.08 फीसदी बढ़कर 3241.85 रुपये पर पहुंच गया है.

Mindteck India

Mindteck India वैश्विक इंजीनियरिंग और सूचना प्रौद्योगिकी सर्विस की कंपनी है. यह सीधे चिप निर्माण नहीं करती, लेकिन पिछले दो दशकों से सेमीकंडक्टर उपकरण निर्माताओं और फैब कंपनियों के लिए इंजीनियरिंग साझेदार के रूप में काम कर रही है. कंपनी डिपोजिशन, लिथोग्राफी, वेफर निरीक्षण और ऑटोमेटेड टेस्ट उपकरणों जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सर्विस देती है.

अब कंपनी एएसआईसी डिजाइन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग आधारित समाधानों पर भी फोकस बढ़ा रही है. जैसे-जैसे सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री अधिक ऑटोमेटेड और तकनीक आधारित होती जाएगी, कंपनी की एक्सपर्टीज की मांग बढ़ सकती है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 1.74 फीसदी गिरकर 212.49 रुपये पर पहुंच गया.

MIC Electronics

MIC Electronics टेलीकॉम उपकरणों और ईवी चार्जिंग सॉल्यूशन के क्षेत्र में काम करती है. कंपनी सेमीकंडक्टर पैकेजिंग और परीक्षण सॉल्यूशन में भी अपनी मौजूदगी बढ़ा रही है. हाल के वर्षों में कंपनी को रेलवे और सेमीकंडक्टर क्षेत्र से कई ऑर्डर मिले हैं.

इसके अलावा, सिंगापुर स्थित Neo Semi SG Pte. Ltd. के अधिग्रहण की योजना और Chipex Technologies के साथ समझौता कंपनी की चिप डिजाइन क्षेत्र में महत्वाकांक्षाओं को दिखाता है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 1.52 फीसदी गिरकर 43.32 रुपये पर पहुंच गया है.

Avalon Technologies

Avalon Technologies एक इंटीग्रेटेड इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग सर्विसेज कंपनी है, जो पीसीबी असेंबली से लेकर पूर्ण सिस्टम निर्माण तक सर्विस प्रदान करती है. कंपनी के भारत और अमेरिका में कुल 14 निर्माण केंद्र हैं. अमेरिका में उत्पादन सुविधाओं की मौजूदगी इसे वैश्विक ग्राहकों के लिए आकर्षक बनाती है.

कंपनी के पास लगभग 20 अरब रुपये का मजबूत ऑर्डर बुक है, जिसे अगले 12 से 14 महीनों में पूरा किया जाना है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 1.82 फीसदी गिरकर 1607.90 रुपये पर पहुंच गया.

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