IRCTC-BEML समेत 150 से ज्यादा शेयरों की रिकॉर्ड डेट इस हफ्ते, निवेशक रखें इन तारीखों पर नजर

IRCTC, BEML और हिंदुस्तान कॉपर समेत 150 से ज्यादा कंपनियों की रिकॉर्ड डेट 21 से 25 सितंबर 2026 के बीच है. जानिए डिविडेंड, स्टॉक स्प्लिट और रिकॉर्ड डेट का मतलब, साथ ही निवेशकों को किन तारीखों पर ध्यान देना चाहिए.

शेयर बाजार

Highlights

  • 150 से ज्यादा शेयरों की रिकॉर्ड डेट 21-25 सितंबर के बीच है
  • IRCTC, BEML और हिंदुस्तान कॉपर प्रमुख कंपनियों में शामिल हैं
  • निवेशक रिकॉर्ड डेट और एक्स-डेट की जानकारी जरूर जांचें

शेयर बाजार में निवेश करने वालों के लिए यह सप्ताह अहम रहने वाला है. 21 से 25 सितंबर 2026 के दौरान 150 से ज्यादा लिस्टेड कंपनियों की डिविडेंड और स्टॉक स्प्लिट से जुड़ी रिकॉर्ड डेट निर्धारित हैं. IRCTC, BEML, हिंदुस्तान कॉपर, कोचीन शिपयार्ड और राष्ट्रीय केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स (RCF) जैसी कंपनियां इस सूची में शामिल हैं.

रिकॉर्ड डेट क्या होती है?

रिकॉर्ड डेट वह तारीख होती है, जिस दिन कंपनी अपने शेयरधारकों के रिकॉर्ड की जांच करके यह तय करती है कि कौन-से निवेशक घोषित कॉरपोरेट लाभ पाने के पात्र हैं. डिविडेंड के मामले में कंपनी इसी आधार पर पात्र शेयरधारकों की पहचान करती है.

निवेशकों को केवल रिकॉर्ड डेट ही नहीं, बल्कि एक्स-डेट और शेयर खरीदने की अंतिम पात्रता तारीख की भी जानकारी रखनी चाहिए. शेयर बाजार में सेटलमेंट नियमों के कारण रिकॉर्ड डेट के आसपास खरीदारी का समय महत्वपूर्ण हो सकता है.

IRCTC और BEML समेत इन कंपनियों पर नजर

इस सप्ताह की कॉरपोरेट एक्शन सूची में IRCTC और BEML के साथ हिंदुस्तान कॉपर, कोचीन शिपयार्ड और RCF के नाम भी प्रमुखता से सामने आए हैं. हालांकि, किसी कंपनी की सूची में शामिल होने का अर्थ यह नहीं है कि उसके शेयर में निश्चित रूप से तेजी आएगी या निवेश से मुनाफा मिलेगा. निवेशकों को संबंधित कंपनी की आधिकारिक घोषणा में डिविडेंड की राशि, स्टॉक स्प्लिट का अनुपात और लागू तारीखों की पुष्टि करनी चाहिए.

डिविडेंड और स्टॉक स्प्लिट में अंतर

डिविडेंड कंपनी के मुनाफे का वह हिस्सा हो सकता है, जिसे पात्र शेयरधारकों को नकद भुगतान के रूप में दिया जाता है. दूसरी ओर, स्टॉक स्प्लिट में कंपनी एक शेयर को तय अनुपात में कई शेयरों में बांटती है. इससे शेयरों की संख्या और प्रति शेयर कीमत में बदलाव होता है, जबकि निवेश के कुल मूल्य पर तत्काल प्रभाव बाजार मूल्य और अन्य परिस्थितियों पर निर्भर करता है.

निवेशकों को क्या करना चाहिए?

रिकॉर्ड डेट वाली कंपनियों में निवेश करने से पहले केवल डिविडेंड या स्टॉक स्प्लिट को आधार नहीं बनाना चाहिए. कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, मूल्यांकन, कारोबार की स्थिति और निवेश जोखिमों का भी आकलन जरूरी है.

इस सप्ताह की कॉरपोरेट एक्शन सूची निवेशकों को अपने पोर्टफोलियो में मौजूद शेयरों की घोषणाओं और पात्रता तारीखों की समीक्षा करने का अवसर देती है. अंतिम निर्णय से पहले स्टॉक एक्सचेंज और कंपनी की आधिकारिक जानकारी जरूर जांचें.

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