NSE शेयर में लगातार गिरावट, टॉप-10 से बाहर हुआ स्टॉक; अब 1700 रुपये तक फिसलने का खतरा

NSE शेयर में लिस्टिंग के बाद लगातार बिकवाली देखने को मिल रही है. 1800 रुपये पर लिस्ट हुए शेयर ने पहले दिन 1878 रुपये का हाई बनाया, लेकिन इसके बाद मुनाफावसूली हावी हो गई. NSE अब भारत की सबसे वैल्यूएवल कंपनियों की टॉप-10 लिस्ट से बाहर होकर 12वें स्थान पर पहुंच गया है.

NSE शेयर में लिस्टिंग के बाद लगातार बिकवाली देखने को मिल रही है.

Highlights

  • लिस्टिंग के बाद NSE शेयर में लगातार बिकवाली का दबाव बना हुआ है.
  • NSE भारत की सबसे मूल्यवान कंपनियों की टॉप-10 सूची से बाहर होकर 12वें स्थान पर पहुंच गया.
  • 1,760 रुपये का सपोर्ट टूटने पर शेयर 1,700 रुपये तक फिसल सकता है.

NSE शेयर की लिस्टिंग के बाद से इसमें लगातार बिकवाली देखने को मिल रही है. गुरुवार को 1800 रुपये पर BSE पर लिस्ट हुए NSE के शेयर ने लिस्टिंग वाले दिन 1878 रुपये का इंट्राडे हाई बनाया था. इसके बाद शेयर में मुनाफावसूली हावी हो गई और लगातार चार कारोबारी सत्रों में दबाव बना रहा. सोमवार को शेयर अपने अपर प्राइस बैंड 1785 रुपये से भी नीचे चला गया. अब NSE भारत की सबसे वैल्यूएवल लिस्टेड कंपनियों की टॉप-10 सूची से बाहर होकर 12वें स्थान पर पहुंच गया है.

टॉप-10 से बाहर हुआ NSE

लिस्टिंग के दिन NSE भारत की 10वीं सबसे मूल्यवान वैल्यूएवल कंपनी थी. हालांकि, शेयर में लगातार गिरावट के कारण इसकी मार्केट कैप रैंकिंग नीचे आ गई है. BSE पर उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, अब NSE 12वें स्थान पर है. इसके ऊपर Hindustan Unilever 10वें और Sun Pharmaceutical Industries 11वें स्थान पर हैं. यानी लिस्टिंग के बाद मिली शुरुआती तेजी को NSE शेयर कायम नहीं रख सका.

1878 रुपये के हाई से लगातार गिरावट

NSE शेयर ने BSE पर 1,800 रुपये के भाव पर शुरुआत की थी. यह IPO अलॉटमेंट पाने वाले निवेशकों के लिए 15 रुपये के प्रीमियम के बराबर था. लिस्टिंग के बाद शेयर में खरीदारी भी दिखी और भाव 1878 रुपये तक पहुंच गया. इसके बाद मुनाफावसूली शुरू हुई. अगले कारोबारी सत्रों में शेयर लगातार कमजोर होता गया और सोमवार को 1785 रुपये के अपर प्राइस बैंड से नीचे टूट गया.

1760 रुपये है अहम सपोर्ट

एक्सपर्ट के मुताबिक, NSE शेयर का तत्काल सपोर्ट 1,760 रुपये पर है. वहीं 1,795 रुपये का स्तर तत्काल रेजिस्टेंस है. उनके मुताबिक इन दोनों स्तरों में से किसी एक के टूटने पर शेयर की अगली दिशा स्पष्ट हो सकती है.

अगर शेयर 1760 रुपये के सपोर्ट से नीचे जाता है तो 1700 रुपये का स्तर टेस्ट कर सकता है. यही वजह है कि मौजूदा गिरावट में 1760 रुपये का स्तर निवेशकों के लिए अहम माना जा रहा है.

1795 के ऊपर जाने पर 1880 तक का स्तर

दूसरी तरफ, अगर NSE शेयर 1,795 रुपये के रेजिस्टेंस के ऊपर क्लोजिंग देता है तो इसमें 1,880 रुपये तक जाने की संभावना बन सकती है. यानी फिलहाल 1,760 से 1,795 रुपये का दायरा शेयर के लिए महत्वपूर्ण है. इस रेंज के बाहर ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन से आगे की दिशा का संकेत मिल सकता है.

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एक्सपर्ट ने बताया NSE शेयर का आउटलुक

एक्सपर्ट NSE को पोर्टफोलियो स्टॉक बता रहे हैं. उनका मानना है कि NSE भारतीय अर्थव्यवस्था और कैपिटल मार्केट का प्रॉक्सी प्ले है. उन्होंने कहा कि लंबी अवधि के नजरिए से NSE शेयर को होल्ड किया जा सकता है. हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि NSE को ट्रेडिंग स्टॉक के बजाय पोर्टफोलियो स्टॉक के तौर पर देखना चाहिए.

डिस्क्लेमर: Money9live कभी भी किसी शेयर, आईपीओ और म्यूचुअल फंड में निवेश की सलाह नहीं देता है. ये खबर केवल आपकी जानकारी के लिए है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.