64% तक टूटे विजय केडिया के पसंदीदा स्टॉक, फिर भी नहीं बेची हिस्सेदारी; जानें कैसी रही है शेयर की चाल

शेयर बाजार के दिग्गज निवेशक विजय केडिया के पोर्टफोलियो में शामिल Siyaram Silk Mills और Precision Camshafts के शेयर अपने ऑल टाइम हाई से क्रमशः 48 फीसदी और 64 फीसदी तक टूट चुके हैं. इसके बावजूद विजय केडिया ने इन दोनों कंपनियों में अपनी हिस्सेदारी बरकरार रखी है.

विजय केडिया Image Credit: Canva/ Money9

Highlights

  • Siyaram Silk Mills 48 फीसदी और Precision Camshafts 64 फीसदी तक अपने ऑल टाइम हाई से टूट चुके हैं.
  • विजय केडिया ने गिरावट के बावजूद हिस्सेदारी नहीं बेची है.
  • Precision Camshafts के सामने EV सबसे बड़ी चुनौती बनकर उभरा है.

Vijay Kedia Portfolio: शेयर बाजार के दिग्गज निवेशक विजय केडिया अक्सर लंबी अवधि के निवेश और मजबूत कंपनियों पर भरोसा रखने के लिए जाने जाते हैं. इसका ताजा उदाहरण उनके पोर्टफोलियो में शामिल दो स्टॉक हैं. Siyaram Silk Mills और Precision Camshafts ने दिसंबर 2024 में अपने-अपने ऑल टाइम हाई बनाए थे, लेकिन उसके बाद इन शेयरों में भारी गिरावट देखने को मिली. इनमें से एक शेयर करीब 48 फीसदी, जबकि दूसरा करीब 64 फीसदी तक टूट चुका है. इसके बावजूद जून 2026 की शेयरहोल्डिंग के अनुसार विजय केडिया की हिस्सेदारी दोनों कंपनियों में बनी हुई है.

रिकॉर्ड हाई पर पहुंचा था शेयर

दरअसल, दिसंबर 2024 का दूसरा सप्ताह विजय केडिया के लिए काफी शानदार रहा था. 11 दिसंबर 2024 को Precision Camshafts का शेयर 383 रुपये के अपने रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा था. इसके छह दिन बाद, 17 दिसंबर 2024 को Siyaram Silk Mills ने 1,175 रुपये का ऑल टाइम हाई बनाया. हालांकि, जुलाई 2026 तक दोनों शेयरों की तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है. Siyaram Silk Mills का शेयर करीब 602 रुपये पर आ गया, जबकि Precision Camshafts का शेयर 142 रुपये पर बंद हुआ.

रिकॉर्ड मुनाफे के बावजूद क्यों टूटा Siyaram Silk Mills?

वर्ष 1978 में स्थापित Siyaram Silk Mills कपड़े, रेडीमेड गारमेंट्स और इंडिगो यार्न बनाने वाली प्रमुख कंपनी है. कंपनी के पोर्टफोलियो में सियाराम्स, जे. हैम्पस्टेड, ऑक्सेमबर्ग और कैडिनी जैसे ब्रांड शामिल हैं. कंपनी का कारोबार भारत के साथ-साथ एक्सपोर्ट बाजारों में भी फैला हुआ है.

दिलचस्प बात यह है कि शेयर में भारी गिरावट के बावजूद कंपनी के वित्तीय नतीजे लगातार मजबूत रहे हैं. वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी की सेल्स 2,572 करोड़ रुपये के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई, जबकि नेट प्रॉफिट 231 करोड़ रुपये रहा, जो अब तक का सबसे अधिक है. मार्च 2026 तिमाही में भी कंपनी ने 853 करोड़ रुपये की सेल्स और 98 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट दर्ज किया.

इसके बावजूद शेयर की कीमत नीचे आई. विश्लेषकों का मानना है कि निवेशकों ने कंपनी के वैल्यूएशन को लेकर सतर्क रुख अपनाया. हालांकि कंपनी का PE करीब 12 गुना है, जो मौजूदा इंडस्ट्री मीडियन से कम है. दूसरी ओर, रिटेल एक्सपेंशन के कारण कंपनी का कर्ज बढ़ा है और वर्किंग कैपिटल पर दबाव भी दिखाई दे रहा है. यही वजह है कि बेहतर नतीजों के बावजूद बाजार ने शेयर को ऊंचा वैल्यूएशन देने से परहेज किया.

कितनी है विजय केडिया की हिस्सेदारी

जून 2026 की शेयरहोल्डिंग के अनुसार विजय केडिया के पास कंपनी में करीब 1 फीसदी हिस्सेदारी, यानी लगभग 4.5 लाख शेयर हैं, जिनकी मौजूदा कीमत करीब 28 करोड़ रुपये है. उन्होंने सितंबर 2023 से अब तक अपनी हिस्सेदारी में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया है.

Precision Camshafts में गिरावट की वजह अलग

Precision Camshafts की कहानी इससे अलग है. कंपनी इंजन के अहम हिस्से कैमशाफ्ट का निर्माण करती है और भारत के पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट में इसकी मजबूत मौजूदगी है. कंपनी का दावा है कि घरेलू पैसेंजर व्हीकल कैमशाफ्ट मार्केट में उसकी हिस्सेदारी करीब 70 फीसदी है.

हालांकि, पिछले तीन वर्षों में कंपनी का मुख्य कारोबार कमजोर हुआ है. financialexpress की एक रिपोर्ट के मुताबिक, वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी की सेल्स 1,080 करोड़ रुपये थी, जो वित्त वर्ष 2025-26 में घटकर 773 करोड़ रुपये रह गई. यानी तीन साल में करीब 28 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई. कंपनी का मुनाफा भी काफी हद तक ट्रेजरी इनकम के सहारे बना हुआ है.

इसके बावजूद कंपनी की बैलेंस शीट मजबूत बनी हुई है. उस पर कर्ज काफी कम है और उसके पास अच्छा कैश रिजर्व मौजूद है. जून 2026 तक केडिया सिक्योरिटीज प्राइवेट लिमिटेड के पास कंपनी में 1.1 फीसदी हिस्सेदारी है.

EV सबसे बड़ी चुनौती

विश्लेषकों का कहना है कि Precision Camshafts के सामने सबसे बड़ी चुनौती EV का बढ़ता बाजार है. EV में पारंपरिक इंजन नहीं होता और उसमें कैमशाफ्ट की जरूरत भी नहीं पड़ती. ऐसे में कंपनी के मौजूदा कारोबार पर लंबे समय में दबाव बढ़ सकता है. हालांकि, कंपनी नए कंपोनेंट्स और EV सेगमेंट में विस्तार की योजना पर काम कर रही है, लेकिन फिलहाल उससे कमाई शुरू नहीं हुई है.

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डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.