Vande Bharat Sleeper Train में नहीं होगी RAC-वेटिंग जैसी सुविधा, यात्रियों को मिनिमम 400 किमी का देना होगा किराया

भारतीय रेलवे अगले हफ्ते वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस लॉन्च करने जा रहा है, जिसमें सिर्फ कन्फर्म टिकट की सुविधा होगी. RAC और वेटिंग लिस्ट पूरी तरह खत्म रहेगी. ज्यादा रफ्तार, आधुनिक सुविधाएं और प्रीमियम किराए के साथ यह ट्रेन हावड़ा-गुवाहाटी रूट पर सफर का अनुभव बदलने वाली है.

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन Image Credit: @PTI

Vande Bharat Sleeper Train Fare and Route: भारतीय रेलवे अगले हफ्ते यानी शनिवार, 17 जनवरी वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस की शुरुआत करने जा रहा है, जो ट्रेन यात्रा के अनुभव को पूरी तरह बदलने वाली है. इस नई ट्रेन में यात्रियों को एक बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा- RAC (Reservation Against Cancellation) की सुविधा नहीं होगी. यानी इस ट्रेन में केवल कन्फर्म टिकट ही जारी किए जाएंगे, न तो वेटिंग लिस्ट होगी और न ही आंशिक रूप से कन्फर्म सीट.

सिर्फ कन्फर्म टिकट, कोई RAC नहीं

रेलवे बोर्ड के 9 जनवरी को जारी सर्कुलर के मुताबिक, वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में एडवांस रिजर्वेशन पीरियड (ARP) के पहले दिन से ही सभी उपलब्ध बर्थ बुकिंग के लिए खोल दी जाएंगी. इस ट्रेन में RAC, वेटिंग या पार्टली कन्फर्म टिकट की कोई व्यवस्था नहीं होगी. आम तौर पर दूसरी ट्रेनों में RAC के तहत दो यात्रियों को एक साइड लोअर बर्थ शेयर करनी पड़ती है, लेकिन वंदे भारत स्लीपर में ऐसा नहीं होगा.

किराया थोड़ा ज्यादा, लेकिन सफर तेज

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का किराया मौजूदा प्रीमियम ट्रेनों जैसे राजधानी एक्सप्रेस से थोड़ा ज्यादा होगा. खास बात यह है कि यात्रियों को कम से कम 400 किलोमीटर की दूरी का किराया देना होगा, भले ही यात्रा उससे कम की हो.

न्यूनतम और लंबी दूरी का किराया

1 से 400 किमी (न्यूनतम किराया)

1000 किमी (हावड़ा–गुवाहाटी रूट)

2000 किमी

तुलना करें तो राजधानी एक्सप्रेस का प्रति किलोमीटर किराया इससे थोड़ा कम है, लेकिन वंदे भारत स्लीपर ज्यादा आधुनिक और तेज मानी जा रही है.

पहला रूट और समय की बचत

वंदे भारत स्लीपर की पहली ट्रेन हावड़ा–गुवाहाटी रूट पर चलेगी, जिसका उद्घाटन अगले हफ्ते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे. यह ट्रेन मौजूदा एक्सप्रेस ट्रेनों के मुकाबले करीब 3 घंटे कम समय में सफर पूरा करेगी. यह एक ओवरनाइट ट्रेन होगी, जो रात में चलेगी और सुबह गंतव्य पर पहुंचेगी.

कहां-कहां रुकेगी ट्रेन

यह ट्रेन पश्चिम बंगाल के 7 जिलों- हावड़ा, हुगली, पूर्व बर्दवान, मुर्शिदाबाद, मालदा, जलपाईगुड़ी और कूचबिहार और असम के कामरूप मेट्रोपॉलिटन व बोंगाईगांव में कुल 10 स्टॉप पर रुकेगी.

कोच और स्पीड

ट्रेन में कुल 16 कोच होंगे-

ट्रेन की डिजाइन स्पीड 180 किमी प्रति घंटा है, लेकिन सुरक्षा कारणों से फिलहाल इसे 130 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चलाया जाएगा. तुलना करें तो राजधानी ट्रेन की औसत रफ्तार 80–90 किमी प्रति घंटा रहती है.

लग्जरी और सेफ्टी का नया स्तर

वंदे भारत स्लीपर को खास तौर पर आराम और सुरक्षा को ध्यान में रखकर बनाया गया है. इसमें बेहतर कुशनिंग वाले बर्थ, ऑटोमैटिक दरवाजे, कम शोर वाला सस्पेंशन सिस्टम, आधुनिक ड्राइवर कैब, और एयरोडायनामिक डिजाइन दिया गया है. ट्रेन में कवच सुरक्षा सिस्टम, इमरजेंसी टॉक-बैक सिस्टम और बेहतर सैनिटेशन के लिए डिसइंफेक्टेंट टेक्नोलॉजी भी मौजूद है.

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