India-USA डील पर व्हाइट हाउस ने जारी की फैक्ट शीट, दालों के इंपोर्ट पर बढ़ा कंफ्यूजन; अंतरिम डील में नहीं था जिक्र
हाल ही में White House ने एक फैक्ट शीट जारी की, जिसमें कहा गया कि भारत कुछ अमेरिकी दालों पर टैरिफ घटाएगा या खत्म करेगा. यह बात पहले जारी संयुक्त बयान में साफ तौर पर नहीं लिखी गई थी, इसलिए इस नए खुलासे ने बहस तेज कर दी है.
USA fact sheet: भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील की चर्चा में अब सबसे ज्यादा ध्यान दाल (Pulses) पर टिक गया है. हाल ही में White House ने एक फैक्ट शीट जारी की, जिसमें कहा गया कि भारत कुछ अमेरिकी दालों पर टैरिफ घटाएगा या खत्म करेगा. यह बात पहले जारी संयुक्त बयान में साफ तौर पर नहीं लिखी गई थी, इसलिए इस नए खुलासे ने बहस तेज कर दी है. सवाल यह है कि आखिर किन दालों पर राहत मिलेगी और इसका असर भारत के आयात और किसानों पर कितना होगा. सरकारी बयानों और आंकड़ों से साफ होता है कि अमेरिका से दालों का आयात अभी बहुत सीमित है, लेकिन आने वाले समय में तस्वीर बदल सकती है.
व्हाइट हाउस फैक्ट शीट में नया संकेत
व्हाइट हाउस की फैक्ट शीट में कहा गया है कि भारत कुछ अमेरिकी दालों पर आयात शुल्क कम करेगा या खत्म करेगा. इससे पहले भारत और अमेरिका के संयुक्त बयान में दाल (pulses) का सीधा जिक्र नहीं था. यही वजह है कि अब इसे बड़ा संकेत माना जा रहा है. यह ट्रेड फ्रेमवर्क बातचीत Donald Trump और Narendra Modi के बीच फोन कॉल के बाद सामने आया था. उस समय दाल (pulses) को लेकर कोई स्पष्ट बात नहीं कही गई थी, लेकिन अब फैक्ट शीट में कुछ दालों को जोड़ दिया गया है.
सरकार के अलग अलग बयान
भारत सरकार के कुछ नेताओं ने दालों पर अलग अलग बातें रखी हैं. कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने कहा था कि कई खाद्य प्रोडक्ट को भारत में आने की अनुमति नहीं दी जाएगी, जिनमें दालों भी शामिल बताए गए थे. हालांकि वाणिज्य मंत्री Piyush Goyal ने बाद में साफ किया कि कुछ दालें पहले से अमेरिका से आती रही हैं और उन पर धीरे धीरे फीस घटाया जाएगा. उन्होंने खास तौर पर मसूर का जिक्र किया और कहा कि इन्हें भारत सालों से आयात करता रहा है.
अमेरिका से दालों का आयात कितना
आंकड़े बताते हैं कि भारत की कुल दालों आयात में अमेरिका की हिस्सेदारी अभी बहुत छोटी है. वित्त वर्ष 2024-25 में भारत का कुल दालों (pulses) आयात करीब 5.48 अरब डॉलर रहा, जिसमें अमेरिका से सिर्फ करीब 90 मिलियन डॉलर की खरीद हुई. lentils के मामले में भी अमेरिका तीसरे नंबर पर रहा, जबकि कनाडा और ऑस्ट्रेलिया आगे थे. इसी साल भारत ने pigeon peas(मटर), Bengal gram (चना), yellow peas (सूखी पीली मटर) और lentils (मसूर की दाल) का भारी मात्रा में आयात किया. lentils पर अभी 10 प्रतिशत शुल्क लगता है, जबकि कुछ दूसरी दालों पर अस्थायी रूप से छूट दी गई है.
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