BS6 डीजल गाड़ियों में DPF चोक से कैसे बचें, जानिए आसान और कारगर तरीका; हजारों रुपये की होगी बचत
BS6 डीजल गाड़ियों में DPF चोक की समस्या आज लाखों वाहन मालिकों के लिए चिंता का कारण बन चुकी है. कम स्पीड, शहर के ट्रैफिक और छोटे रूट पर चलने से DPF में कचरा जमा हो जाता है, जिससे डैशबोर्ड पर वार्निंग लाइट जलने लगती है. सही जानकारी न होने पर लोग सीधे वर्कशॉप पहुंच जाते हैं और हजारों रुपये खर्च कर बैठते हैं.
BS6 Diesel Car: आज के समय में BS6 डीजल गाड़ियां पर्यावरण के लिहाज से पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित मानी जाती हैं. हालांकि, इनके साथ एक बड़ी तकनीकी समस्या भी जुड़ी है, जिसे DPF चोक कहा जाता है. देशभर में लाखों गाड़ी मालिक और ड्राइवर इस परेशानी से जूझ रहे हैं. कई बार सही जानकारी के अभाव में लोग सीधे वर्कशॉप पहुंच जाते हैं और हजारों रुपये का बेवजह खर्च कर बैठते हैं. इसी को ध्यान में रखते हुए यहां DPF चोक से बचने और उसे सही तरीके से साफ करने के व्यावहारिक उपाय बताए जा रहे हैं, जिन्हें अपनाकर आप बड़ी परेशानी से बच सकते हैं.
BS6 गाड़ियों में धुएं से निकलने वाले कणों को रोकने के लिए DPF यानी डीजल पार्टिकुलेट फिल्टर लगाया जाता है. जब गाड़ी को लगातार कम स्पीड पर, छोटे रूट पर या सिर्फ शहर के भारी ट्रैफिक में चलाया जाता है, तो यह फिल्टर कचरे यानी सूट से भरने लगता है. जैसे ही फिल्टर भरता है, डैशबोर्ड पर DPF वार्निंग लाइट जल जाती है. लाइट जलते ही घबराने की जरूरत नहीं है, क्योंकि शुरुआती स्तर पर इसे आसानी से साफ किया जा सकता है.
चलते रास्ते पर DPF कैसे साफ करें
अगर गाड़ी चलाते समय DPF की लाइट जल जाए, तो सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि तुरंत वर्कशॉप जाना जरूरी नहीं है. गाड़ी को किसी खाली सड़क या हाइवे पर ले जाएं, जहां कम से कम 20 से 25 मिनट तक बिना रुके चलाया जा सके. स्पीड 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा के बीच रखें और गियर ऐसा चुनें कि इंजन का आरपीएम 2000 से 2500 के बीच बना रहे. इस प्रक्रिया को पैसिव रीजेनरेशन कहा जाता है. इससे DPF का तापमान बढ़ता है और अंदर जमा कचरा खुद जलकर साफ हो जाता है.
खड़ी गाड़ी में DPF की सफाई
अगर हाइवे पर जाना संभव नहीं है, तो खड़ी गाड़ी में भी DPF साफ किया जा सकता है. इसके लिए गाड़ी को किसी सुरक्षित और खुली जगह पर पार्क करें, जहां आसपास सूखी घास या ज्वलनशील पदार्थ न हों. इंजन चालू रखें, हैंडब्रेक लगाएं और गाड़ी के न्यूट्रल होने की पुष्टि करें. इसके बाद डैशबोर्ड पर मौजूद DPF बटन यानी रीजेन स्विच को कुछ सेकंड तक दबाकर रखें. इसके बाद इंजन का आरपीएम अपने आप बढ़ जाएगा और आवाज तेज हो जाएगी. यह सामान्य प्रक्रिया है. लगभग 20 से 30 मिनट में DPF लाइट अपने आप बंद हो जाती है.
जरूरी सावधानियां
DPF लाइट जलने पर इंजन बंद न करें, क्योंकि इससे कचरा और ज्यादा जम सकता है. हमेशा अच्छी क्वालिटी का लो सैप्स इंजन ऑयल इस्तेमाल करें और एडब्लू केवल सही ग्रेड का ही डालें. एडब्लू हमेशा ऑथराइज्ड डीलर से खरीदना बेहतर होता है. अगर DPF लाइट लगातार ब्लिंक कर रही हो और गाड़ी पिकअप छोड़ दे, यानी लिंप मोड में चली जाए, तभी वर्कशॉप जाना जरूरी है.
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