विदेश से शराब या सिगरेट लाने का क्या है तरीका, कितना लगता है टैक्स? व्हिस्की-बीयर के लिए अलग-अलग नियम

कस्टम नियमों की अनदेखी न सिर्फ जेब पर भारी पड़ सकती है, बल्कि एयरपोर्ट पर परेशानी भी खड़ी कर सकती है. ऐसे में यह जानना जरूरी है कि भारत में बैगेज के तौर पर शराब और तंबाकू उत्पादों के इंपोर्ट के क्या नियम हैं. सीमा से अधिक मात्रा लाने पर भारी ड्यूटी चुकानी पड़ सकती है.

process for bringing alcohol from abroad Image Credit: money9live

विदेश यात्रा से लौटते समय शराब या सिगरेट लाने को लेकर यात्रियों के मन में अक्सर भ्रम रहता है कि कितनी मात्रा ड्यूटी-फ्री है और सीमा से ज्यादा लाने पर कितना टैक्स देना होगा. कस्टम नियमों की अनदेखी न सिर्फ जेब पर भारी पड़ सकती है, बल्कि एयरपोर्ट पर परेशानी भी खड़ी कर सकती है. ऐसे में यह जानना जरूरी है कि भारत में बैगेज के तौर पर शराब और तंबाकू उत्पादों के इंपोर्ट के क्या नियम हैं और तय सीमा से अधिक लाने पर कितनी ड्यूटी चुकानी होती है.

कितनी मात्रा है ड्यूटी-फ्री?

भारतीय कस्टम नियमों के मुताबिक, आने वाले अलग-अलग कैटेगरी के अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को सीमित मात्रा में शराब और तंबाकू उत्पाद ड्यूटी-फ्री लाने की अनुमति है. इसके तहत यात्री अधिकतम 2 लीटर तक शराब या वाइन ला सकते हैं. वहीं तंबाकू उत्पादों में से कोई एक विकल्प चुना जा सकता है, 100 सिगरेट, या 25 सिगार, या फिर 125 ग्राम तंबाकू. यह छूट केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए मानी जाती है और व्यावसायिक उद्देश्य से लाने पर लागू नहीं होती.

तय सीमा से ज्यादा लाने पर क्या होगा?

अगर कोई यात्री इन निर्धारित ड्यूटी-फ्री सीमाओं से ज्यादा शराब या सिगरेट लाता है, तो अतिरिक्त मात्रा पर कस्टम ड्यूटी देनी होगी. यह ड्यूटी काफी ऊंची हो सकती है, इसलिए पहले से जानकारी रखना जरूरी है.

सिगरेट पर ड्यूटी?

ड्यूटी-फ्री लिमिट से अधिक सिगरेट लाने पर बेसिक कस्टम ड्यूटी (BCD) 100 फीसदी लगती है. इसके साथ ही 3 फीसदी एजुकेशनल सेस भी देना होता है. यानी सिगरेट का दाम लगभग दोगुना तक पड़ सकता है.

ड्यूटी-फ्री छूट (Baggage Allowance)

उत्पादड्यूटी-फ्री अनुमत मात्रा
शराब / वाइन2 लीटर तक
सिगरेट100 सिगरेट
सिगार25 सिगार
तंबाकू125 ग्राम
नोट: तंबाकू उत्पादों में से केवल एक विकल्प ही ड्यूटी-फ्री लाया जा सकता है. सोर्स: indembassyuae.gov.in

व्हिस्की पर ड्यूटी?

व्हिस्की जैसी हार्ड शराब पर टैक्स और भी सख्त है. तय सीमा से ज्यादा व्हिस्की लाने पर BCD 150 फीसदी लगाया जाता है. इसके अलावा अतिरिक्त कस्टम ड्यूटी (ACD) 4 फीसदी भी देनी होती है. हालांकि, इस कैटेगरी में एजुकेशनल सेस नहीं लगता.

बीयर पर ड्यूटी?

बीयर के मामले में नियम थोड़े अलग हैं. ड्यूटी-फ्री लिमिट से ज्यादा बीयर लाने पर BCD 100 फीसदी देना होता है. इस पर ACD नहीं लगता, लेकिन 3 फीसदी एजुकेशनल सेस लागू होता है.

ड्यूटी-फ्री सीमा से अधिक पर लगने वाली ड्यूटी

उत्पादबेसिक कस्टम ड्यूटी (BCD)अतिरिक्त कस्टम ड्यूटी (ACD)एजुकेशनल सेस
सिगरेट100%NIL3%
व्हिस्की150%4%NIL
बीयर100%NIL3%

यात्रियों के लिए क्या है सलाह?

कस्टम विशेषज्ञों का कहना है कि यात्रियों को खरीदारी से पहले इन नियमों को ध्यान में रखना चाहिए. कई बार एयरपोर्ट ड्यूटी-फ्री शॉप से खरीदी गई शराब भी कुल लिमिट में गिनी जाती है. ऐसे में सीमा से ज्यादा सामान लाने पर भारी ड्यूटी देकर ही उसे क्लियर कराया जा सकता है या फिर जब्ती का सामना करना पड़ सकता है.

जरूरी बात

  • ये छूट केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए है.
  • सीमा से अधिक मात्रा लाने पर भारी ड्यूटी चुकानी पड़ सकती है.
  • ड्यूटी-फ्री शॉप से खरीदा गया सामान भी कुल लिमिट में शामिल होता है.

यह भी पढ़ें: वोडाफोन आइडिया को मिला 638 करोड़ रुपये का GST पेनाल्टी ऑर्डर, कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी में कंपनी