3 दिन में निकलेगा PF का पैसा, ₹5 लाख तक के क्लेम का होगा ऑटो-सेटलमेंट; देरी पर मिलेगा 12 फीसदी ब्याज

अब 3 दिन के भीतर मिलेगा पीएफ का पैसा. इसके साथ ही ऑटो-सेटलमेंट व्यवस्था का दायरा भी बढ़ाया गया है, ताकि ज्यादा से ज्यादा क्लेम बिना मैन्युअल जांच के जल्दी निपटाए जा सकें. इससे सभी जरूरी शर्तें पूरी करने वाले सदस्यों को उनका PF का पैसा पहले की तुलना में कम समय में मिल सकेगा.

ईपीएफओ Image Credit: tv9

EPFO New Rule: अगर आप नौकरी करते हैं और भविष्य में PF का पैसा निकालने की सोच रहे हैं, तो बहुत राहत की खबर है. EPFO ने PF क्लेम सेटलमेंट की प्रक्रिया को पहले से तेज और आसान बनाने के लिए बड़ा बदलाव किया है. नए फ्रेमवर्क के तहत एलिजिबल PF निकासी क्लेम का निपटारा अब 3 दिन के भीतर करने का लक्ष्य रखा गया है. इसके साथ ही ऑटो-सेटलमेंट व्यवस्था का दायरा भी बढ़ाया गया है, ताकि ज्यादा से ज्यादा क्लेम बिना मैन्युअल जांच के जल्दी निपटाए जा सकें. इससे सभी जरूरी शर्तें पूरी करने वाले सदस्यों को उनका PF का पैसा पहले की तुलना में कम समय में मिल सकेगा.

क्या है 3 दिन में PF क्लेम सेटलमेंट का नया नियम?

EPFO के नए फ्रेमवर्क के तहत अब एलिजिबल PF निकासी क्लेम को 3 दिन के भीतर सेटल करने का लक्ष्य रखा गया है. पहले कई बार मैन्युअल जांच और दूसरी प्रक्रियाओं की वजह से क्लेम आने में ज्यादा समय लग जाता था. अब कोशिश है कि क्लेम तय समय के भीतर निपट जाए. अगर किसी क्लेम में बिना किसी ठोस वजह के 20 दिन से ज्यादा की देरी होती है, तो संबंधित अधिकारी पर 12 फीसदी का पेनल इंटरेस्ट लगाया जा सकता है. इससे अधिकारियों की जवाबदेही बढ़ेगी और क्लेम समय पर निपटाने में मदद मिलेगी.

हालांकि 3 दिन का नियम हर क्लेम पर लागू नहीं होगा. इसका फायदा उन्हीं लोगों को मिलेगा, जिनकी KYC पूरी है, सभी जरूरी जानकारी सही है और क्लेम में किसी तरह की अतिरिक्त जांच की जरूरत नहीं है. जिन मामलों में वेरिफिकेशन जरूरी होगा, उनमें पहले की तरह ज्यादा समय लग सकता है.

ऑटो-सेटलमेंट की सीमा ₹5 लाख तक

EPFO क्लेम प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल और आसान बनाने की दिशा में लगातार काम कर रहा है. इसी के तहत ऑटो-सेटलमेंट की सीमा पहले के 1 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दी गई है. यानी अब ज्यादा एडवांस PF क्लेम बिना मैन्युअल जांच के अपने आप सेटल हो सकेंगे. इससे कागजी काम कम होगा, क्लेम रिजेक्ट होने के मामले घटेंगे और सदस्यों को बेहतर अनुभव मिलेगा.

कर्मचारियों को क्या फायदा होगा?

इस बदलाव के बाद मेडिकल इमरजेंसी, पढ़ाई, शादी, घर बनाने या खरीदने और बेरोजगारी जैसी जरूरतों के लिए PF निकालने वाले लोगों को पैसा पहले की तुलना में जल्दी मिल सकेगा. जिन लोगों का UAN आधार से लिंक है, बैंक अकाउंट की जानकारी अपडेट है और KYC पूरी है, उनके क्लेम और तेजी से प्रोसेस हो सकते हैं.

ध्यान देने वाली बात यह है कि EPF में जमा होने वाले पैसे के नियम में कोई बदलाव नहीं किया गया है. कर्मचारी और कंपनी दोनों पहले की तरह कर्मचारी के बेसिक वेतन का 12 प्रतिशत योगदान करते रहेंगे. बदलाव सिर्फ क्लेम सेटलमेंट की प्रक्रिया को तेज और आसान बनाने के लिए किए गए हैं.

PF क्लेम करने से पहले क्या करें?

अगर आप PF क्लेम करने की तैयारी कर रहे हैं, तो पहले यह जरूर जांच लें कि आपका UAN एक्टिव है, आधार उससे लिंक है, PAN और बैंक खाते की जानकारी अपडेट है, KYC पूरी है और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर चालू है, ताकि OTP आसानी से मिल सके. अगर ये सभी जानकारी पहले से अपडेट होगी, तो क्लेम में देरी की संभावना काफी कम हो जाएगी.

EPFO 3.0 के तहत आएंगी नई सुविधाएं

यह पूरा बदलाव EPFO की डिजिटल पहल EPFO 3.0 का हिस्सा है. इसके तहत आने वाले समय में UPI के जरिए PF निकालने और ATM के माध्यम से PF तक पहुंच जैसी नई डिजिटल सुविधाएं शुरू करने की तैयारी चल रही है. इससे भविष्य में PF से जुड़ी सेवाएं और ज्यादा तेज, आसान और सुविधाजनक होने की उम्मीद है.

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