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बजट में Tax Holiday ऐलान के बाद रॉकेट बने डेटा सेंटर स्टॉक, 9% तक चढ़े शेयर, इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग का भी बढ़ा बजट

बजट 2026 में सरकार की नई कर प्रोत्साहन नीति के बाद डेटा सेंटर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़ी कंपनियां निवेशकों के रडार पर आ गई हैं. 2047 तक टैक्स छूट के ऐलान ने भारत को वैश्विक क्लाउड और डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर हब बनाने की उम्मीदों को और मजबूत किया है.

Data Centre Stocks in Focus Image Credit: @AI/Money9live

Data Centre Stocks in Focus: बजट 2026 में सरकार की एक बड़ी घोषणा के बाद डेटा सेंटर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी कंपनियों के शेयरों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भारत को ग्लोबल डेटा सेंटर हब बनाने की दिशा में लंबी अवधि का टैक्स प्रोत्साहन देने का ऐलान किया, जिससे निवेशकों का भरोसा और मजबूत हुआ. इसके साथ ही वित्त मंत्री ने इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग के लिए खर्च बढ़ाने का प्रस्ताव रखा है. इसके तहत इस सेक्टर का कुल बजट बढ़ाकर 40,000 करोड़ रुपये किया जाएगा. इसका उद्देश्य देश में इलेक्ट्रॉनिक्स सामान का उत्पादन बढ़ाना है. इन दोनों ऐलान के बाद AI, Data Centre और Semiconductor स्टॉक में हलचल देखने को मिली.

बजट में बड़ा ऐलान: 2047 तक टैक्स छूट

बजट भाषण में वित्त मंत्री ने कहा कि भारत में स्थित डेटा सेंटर्स से वैश्विक स्तर पर क्लाउड सेवाएं देने वाली विदेशी कंपनियों को 2047 तक टैक्स हॉलिडे दिया जाएगा. यह फैसला लंबे समय तक निवेश को बढ़ावा देने के लिए लिया गया है.

शेयर बाजार में दिखा असर

इस घोषणा के बाद डेटा सेंटर और AI से जुड़ी कंपनियों के शेयरों में तेजी आई. Anant Raj के शेयर 7% से ज्यादा चढ़े, जबकि E2E नेटवर्क्स में करीब 9% और नेटवेब टेक्नोलॉजीज में 5% से अधिक की बढ़त देखी गई.

भारतीय कंपनियों को भी मिलेगा फायदा

सरकार ने यह शर्त रखी है कि विदेशी क्लाउड कंपनियों को भारतीय ग्राहकों को सेवाएं भारतीय रिसेलर्स के जरिए देनी होंगी. इससे घरेलू कंपनियों की भागीदारी बढ़ेगी और लोकल इकोसिस्टम मजबूत होगा.

किसे मिलेगा इसका फायदा?

यह नीति डेटा सेंटर बनाने वाली रियल एस्टेट कंपनियों, क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोवाइडर्स और हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग हार्डवेयर सप्लायर्स के लिए फायदेमंद मानी जा रही है. AI और क्लाउड सेवाओं की बढ़ती मांग से इस सेक्टर में निवेश और तेज हो सकता है.

लंबी अवधि के निवेश को मिलेगा भरोसा

डेटा सेंटर प्रोजेक्ट्स में भारी शुरुआती लागत और लंबा समय लगता है. 2047 तक की टैक्स छूट से कंपनियों को भविष्य की स्पष्टता मिलेगी और वैश्विक खिलाड़ी भारत में अपनी क्षमता बढ़ाने के फैसले तेजी से ले सकते हैं.