Budget के दिन कमोडिटी बाजार में हाहाकार, MCX पर सोना-चांदी धड़ाम, गोल्ड ₹7000 तो सिल्वर ₹26000 से ज्यादा सस्ता
Budget 2026 के दिन स्पेशल ट्रेडिंग सेशन आयोजित की गई. इस दौरान MCX पर सोना और चांदी में जबरदस्त बिकवाली देखने को मिली, जहां सोना करीब ₹7,000 और चांदी ₹26,000 से ज्यादा टूट गई. मजबूत डॉलर, ग्लोबल मार्केट में भारी गिरावट और निवेशकों की मुनाफावसूली के चलते बुलियन बाजार में हाहाकार मच गया. घरेलू भारतीय बाजार के अलावा इंटरनेशनल मार्केट में भी गोल्ड-सिल्वर में दबाव दिखा.
Gold-Silver Rate Today 1 Feb 2026: Budget 2026 के दिन रविवार को हुए स्पेशल ट्रेडिंग सेशन में न सिर्फ शेयर बाजार प्रभावित हुआ, बल्कि इससे कमोडिटी बाजार में हाहाकार मच गया. 1 फरवरी को कमोडिटी मार्केट में जबरदस्त बिकवाली देखने को मिली. जिसके चलते सोना और चांदी रिकॉर्ड लेवल तक टूट गए. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर सोना जहां 5 फीसदी से ज्यादा टूट गया तो वही चांदी लगभग 9 फीसदी तक टूट गई.
लोकसभा में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी, यानी आज केंद्रीय बजट 2026-27 पेश किया. बाजार के खुलते ही बुलियन बाजार में भूचाल आ गया. शुरुआती दौर में चांदी 6 फीसदी तक टूटा था. बाद में ये भरभराकर 9 फीसदी के स्तर पर पहुंच गया.
कितनी आई गिरावट?
MCX पर सोना 0.45% की गिरावट के साथ ₹145,164 प्रति 10 ग्राम पर खुला, जो पिछले बंद ₹1,49,653 से नीचे था. कारोबार बढ़ते ही बिकवाली तेज हुई और सोना करीब 6.18% तक फिसल गया, जिससे कीमत 136185 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया. वहीं चांदी 284,826 रुपये प्रति किलो पर खुली थी, जो पिछले बंद 291,925 रुपये प्रति किलो से काफी नीचे थी. बाद में चांदी में भी गिरावट गहराई और यह 9% टूटकर 265652 रुपये पर जा पहुंची. यानी सोना एक दिन में 7000 रुपये से ज्यादा सस्ती हो गई. जबकि चांदी 26,273 रुपये तक सस्ती हो गई.
ग्लोबल मार्केट में भी टूटा
ग्लोबल मार्केट में भी हालात बेहद खराब रहे. अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 12% से ज्यादा टूटकर 5,000 डॉलर प्रति औंस से नीचे आ गया, जो 1980 के दशक की शुरुआत के बाद की सबसे बड़ी एकदिनी गिरावट मानी जा रही है. वहीं चांदी में 36% तक की ऐतिहासिक इंट्राडे गिरावट दर्ज की गई. न्यूयॉर्क में स्पॉट गोल्ड 8.9% गिरकर $4,894.23 प्रति औंस पर बंद हुआ, जबकि चांदी 26% टूटकर $85.20 प्रति औंस पर आ गई.
क्यों आई गिरावट?
- विशेषज्ञों के मुताबिक अमेरिकी डॉलर में तेज मजबूती इसकी बड़ी वजह रही.
- अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन द्वारा केविन वॉर्श को फेड चेयर के लिए नामित किए जाने की खबर से डॉलर उछला, जिससे सोना-चांदी जैसे सेफ-हेवन एसेट्स पर भारी दबाव बना. मुनाफावसूली, मजबूत डॉलर और ग्लोबल बिकवाली ने मिलकर बुलियन बाजार को हिला दिया.
- निवेशकों की मुनाफावसूली और ग्लोबल मार्केट से मिले नेगेटिव संकेतों ने दबाव और बढ़ा दिया.




