शेयर बाजार के उतार-चढ़ाव से हैं परेशान? FD बन सकता है भरोसेमंद विकल्प; जानें प्राइवेट बैंक कितना दे रहे ब्याज
भारत के प्राइवेट बैंकों में FD एक बार फिर सुरक्षित निवेश के रूप में लोकप्रिय हो रहा है, जहां HDFC Bank, ICICI Bank, Axis Bank, Kotak Mahindra Bank और IndusInd Bank 7.5 फीसद तक ब्याज दर ऑफर कर रहे हैं. बाजार की अनिश्चितता के बीच FD स्थिर और भरोसेमंद रिटर्न का विकल्प बनकर उभरा है. निवेशक अपनी जरूरत के अनुसार अवधि चुन सकते हैं और नियमित आय या मैच्योरिटी पर रिटर्न का लाभ ले सकते हैं.

FD Interest Rates India: भारत के प्राइवेट बैंकों में फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) एक बार फिर निवेशकों के लिए आकर्षक विकल्प बनकर उभरा है. मौजूदा आर्थिक हालात और ब्याज दरों में बदलाव के बीच देश के टॉप 5 प्राइवेट बैंकों ने FD पर 7.5 फीसद तक ब्याज दर ऑफर करना शुरू कर दिया है. सुरक्षित निवेश की तलाश कर रहे लोगों के लिए यह एक बड़ा मौका माना जा रहा है, क्योंकि FD में रिटर्न पहले से तय होता है और बाजार के उतार-चढ़ाव का असर नहीं पड़ता. ऐसे समय में, जब शेयर बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है, FD स्थिर आय का भरोसेमंद विकल्प बनकर सामने आ रहा है.
क्या है FD और क्यों बढ़ी इसकी मांग
फिक्स्ड डिपॉजिट एक ऐसा निवेश इंस्ट्रूमेंट है, जिसमें निवेशक एक तय अवधि के लिए बैंक में एकमुश्त रकम जमा करता है और उस पर पहले से निर्धारित ब्याज मिलता है. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें जोखिम बेहद कम होता है. मौजूदा समय में वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता और बाजार की अस्थिरता के चलते निवेशक सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे FD की मांग बढ़ी है.
इन बैंकों में मिल रहा ज्यादा ब्याज
देश के प्रमुख प्राइवेट बैंक जैसे HDFC Bank, ICICI Bank, Axis Bank, Kotak Mahindra Bank और IndusInd Bank FD पर आकर्षक ब्याज दर दे रहे हैं. इन बैंकों में अलग-अलग अवधि के लिए ब्याज दर तय की गई है, जो अधिकतम 7.5 फीसद तक पहुंच रही है. खास बात यह है कि सीनियर सिटिजन्स को आम निवेशकों की तुलना में अधिक ब्याज दिया जा रहा है, जिससे यह विकल्प उनके लिए और भी फायदेमंद बन जाता है.
| बैंक | अवधि | FD ब्याज दर | सीनियर सिटीजन FD ब्याज दर |
|---|---|---|---|
| HDFC Bank | 18 महीने से कम 21 महीने तक | 6.45 फीसद | 6.95 फीसद |
| ICICI Bank | 3 साल 1 दिन से 5 साल तक | 6.50 फीसद | 7.10 फीसद |
| Axis Bank | 18 महीने से कम 2 साल तक | 6.45 फीसद | 6.95 फीसद |
| Kotak Mahindra Bank | 15 महीने से कम 18 महीने तक | 6.70 फीसद | 7.20 फीसद |
| IndusInd Bank | 1 साल 6 महीने से कम 1 साल 7 महीने तक | 7.00 फीसद | 7.50 फीसद |
ब्याज दर किन बातों पर निर्भर
FD की ब्याज दर कई कारकों पर निर्भर करती है, जिसमें निवेश की अवधि सबसे अहम होती है. आमतौर पर लंबी अवधि के FD पर ज्यादा ब्याज मिलता है, हालांकि यह हर बैंक में अलग हो सकता है. इसके अलावा RBI की नीतियां और देश की आर्थिक स्थिति भी ब्याज दरों को प्रभावित करती हैं. निवेशक यह भी चुन सकते हैं कि उन्हें ब्याज मासिक, तिमाही या मैच्योरिटी पर चाहिए.
क्यों FD अभी भी है भरोसेमंद विकल्प
FD आज भी उन निवेशकों के लिए सबसे पसंदीदा विकल्प है, जो बिना जोखिम के स्थिर रिटर्न चाहते हैं. इसमें पूंजी सुरक्षित रहती है, नियमित आय का विकल्प मिलता है और जरूरत पड़ने पर FD के बदले लोन भी लिया जा सकता है. यही कारण है कि बदलते आर्थिक माहौल में भी FD की लोकप्रियता बनी हुई है.
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