कुछ दिन पहले RBI का एक्शन, बाजार खुलते ही रिएक्शन; 8% लुढ़का Paytm, Buy-Sell? जानें एक्सपर्ट्स की राय
फिनटेक कंपनी Paytm Payments Bank का लाइसेंस दूसरी बार रद्द कर दिया. इस खबर का असर सीधे कंपनी के शेयर पर दिखा, जहां सोमवार को इसमें तेज गिरावट देखने को मिली. निवेशकों के मन में अब कई सवाल हैं कि आगे कंपनी का क्या होगा और क्या इसका असर Paytm के बाकी बिजनेस पर पड़ेगा. हालांकि कंपनी ने साफ कहा है कि उसका मुख्य कारोबार पहले की तरह चलता रहेगा.

Paytm Payments Bank: दिन था शुक्रवार, तारीख थी 24 अप्रैल. RBI ने सख्ती दिखाई और BR Act 1949 के सेक्शन 22(4) के तहत फिनटेक कंपनी Paytm Payments Bank का लाइसेंस दूसरी बार रद्द कर दिया. इस खबर का असर सीधे कंपनी के शेयर पर दिखा, जहां सोमवार को इसमें तेज गिरावट देखने को मिली.
निवेशकों के मन में अब कई सवाल हैं कि आगे कंपनी का क्या होगा और क्या इसका असर Paytm के बाकी बिजनेस पर पड़ेगा. हालांकि कंपनी ने साफ कहा है कि उसका मुख्य कारोबार पहले की तरह चलता रहेगा. इसके बावजूद बाजार में चिंता बनी हुई है. इसी बीच हम ये भी जानेंगे की एक्सपर्ट क्या कह रहें है.
शेयर में 8% की गिरावट
Reserve Bank of India ने Paytm Payments Bank का लाइसेंस रद्द कर दिया है. इसके बाद कंपनी ने बैंक को बंद करने का फैसला लिया है. इस खबर के बाद BSE पर Paytm के शेयर में करीब 8% की गिरावट आई. RBI का कहना है कि बैंक नियमों का पालन नहीं कर रहा था. कस्टमर वेरिफिकेशन और मैनेजमेंट से जुड़ी कमियां सामने आई थीं. इसी वजह से यह फैसला लिया गया.
Paytm ने क्या कहा
कंपनी ने कहा कि उसका Paytm Payments Bank से कोई सीधा असर नहीं पड़ेगा. उसने पहले ही इस बैंक में अपने निवेश को कम कर दिया था. साथ ही कंपनी के बाकी सभी सर्विस पहले की तरह चलते रहेंगे. Paytm ऐप, UPI, QR, साउंडबॉक्स, पेमेंट गेटवे और Paytm Money जैसी सेवाएं जारी रहेंगी. इन पर कोई असर नहीं पड़ेगा.
Sell-Buy-Hold- जानें क्या हैं एक्सपर्ट की राय
Trendlyne Consensus Recommendation के मुताबिक, कुल 19 एनालिस्ट्स में से ज्यादातर ने इस स्टॉक को खरीदने की सलाह दी है. करीब 12 एनालिस्ट्स ने इसे Buy या Strong Buy कहा है, जबकि 6 ने Hold और सिर्फ 1 ने Sell की सलाह दी है.
इसका मतलब है कि बाजार में इस स्टॉक को लेकर पॉजिटिव नजरिया ज्यादा है. वहीं, इस स्टॉक का मौजूदा भाव करीब ₹1054 के आसपास है और एनालिस्ट्स का औसत टारगेट प्राइस ₹1375 बताया गया है. यानी इसमें करीब 27% तक अपसाइड पोटेंशियल है.
आगे क्या हो सकता है
ET के हवाले से कुछ एक्सपर्ट्स का मानना है कि कंपनी आगे NBFC या अन्य लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकती है. इससे उसे नए प्रोडक्ट लॉन्च करने का मौका मिलेगा. शॉर्ट टर्म में शेयर पर दबाव रह सकता है. लेकिन लॉन्ग टर्म में कंपनी की ग्रोथ पर नजर रखना जरूरी होगा. RBI का फैसला Paytm के लिए एक झटका जरूर है. लेकिन कंपनी का मुख्य बिजनेस अभी भी मजबूत है. आने वाले समय में यह देखना जरूरी होगा कि कंपनी इस स्थिति से कैसे बाहर निकलती है.
इसे भी पढ़ें- Wipro बायबैक में मौका या भ्रम? छोटे निवेशकों के लिए कितना फायदा, जानें पूरा गणित
डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.