अब महंगा नहीं पड़ेगा ट्रैक्टर! सरकार दे रही 50% तक सब्सिडी, पाने के लिए करना होगा बस ये काम
केंद्र और राज्य सरकारें किसानों को ट्रैक्टर और कृषि मशीन खरीदने पर लोन के साथ भारी सब्सिडी दे रही हैं. SMAM योजना के तहत 40 से 80 फीसदी तक सब्सिडी मिलता है, जबकि PM किसान ट्रैक्टर योजना में करीब 50 फीसदी तक छूट दी जाती है. आसान आवेदन प्रक्रिया और कम लागत से अब आधुनिक खेती अपनाना किसानों के लिए पहले से ज्यादा सरल हो गया है.

Which government schemes are available for tractors: खेती को आधुनिक बनाने और किसानों की लागत कम करने के लिए केंद्र सरकार और राज्य सरकारें लगातार नई योजनाएं चला रही हैं. अब ट्रैक्टर, हार्वेस्टर और दूसरे कृषि मशीनें खरीदना पहले से कहीं ज्यादा आसान हो गया है. सरकार लोन के साथ-साथ सीधे सब्सिडी भी दे रही है, जिससे किसान कम पैसे में महंगी मशीन खरीद सकते हैं. अगर सही योजना का फायदा लिया जाए, तो कई मामलों में ट्रैक्टर आधे दाम तक में मिल सकता है.
कैसे मिलता है कृषि मशीनों पर लोन?
खेती के लिए मशीन खरीदने के लिए किसान बैंक या वित्तीय संस्थानों से लोन ले सकते हैं. सरकारी बैंक, ग्रामीण बैंक, NBFC और NABARD जैसे संस्थान खास कृषि लोन उपलब्ध कराते हैं. इसके लिए किसान को आधार कार्ड, जमीन के दस्तावेज और मशीन का कोटेशन देना होता है.
SMAM योजना: मशीन खरीद पर सीधी सब्सिडी
इसके तहत सबसे बड़ी योजना Sub-Mission on Agricultural Mechanization (SMAM) है, जो किसानों को मशीन खरीदने पर आर्थिक सहायता देती है. इस योजना के तहत किसानों को ट्रैक्टर और दूसरे कृषि उपकरण खरीदने पर सब्सिडी दी जाती है. साथ ही कस्टम हायरिंग सेंटर और फार्म मशीनरी बैंक भी बनाए जाते हैं, ताकि किसान किराये पर मशीन ले सकें.
इसके अलावा, इसी योजना के तहत ड्रोन तकनीक को भी बढ़ावा दिया जा रहा है. सरकार ने ‘NAMO DRONE DIDI’ योजना के जरिए 3 साल में 15,000 ड्रोन महिला स्वयं सहायता समूहों को देने का लक्ष्य रखा है. 2023-24 में 1094 ड्रोन वितरित किए जा चुके हैं, जिनमें से 500 ड्रोन इसी योजना के तहत दिए गए हैं. बाकी 14,500 ड्रोन 2025-26 तक देने का लक्ष्य है.
SMAM योजना की क्या है विशेषताएं:
- सब्सिडी (Subsidy): व्यक्तिगत कृषि यंत्रों पर सामान्य किसानों को लगभग 40 से 50 फीसदी और महिला किसानों व विशेष कैटेगरी के लिए 50 से 80 फीसदी तक सब्सिडी मिलती है.
- उद्देश्य: छोटे और सीमांत किसानों तक आधुनिक तकनीक पहुंचाना ताकि शारीरिक मेहनत कम हो और समय की बचत हो।
- ड्रोन सब्सिडी: कृषि ड्रोन खरीदने के लिए कृषक उत्पादक संगठनों (FPOs) को लागत का 100 फीसदी या 10 लाख तक की सहायता मिलती है.
- कस्टम हायरिंग सेंटर (CHC): यह योजना छोटे किसानों को किराए पर मशीनें उपलब्ध कराने के लिए ‘कस्टम हायरिंग सेंटर’ स्थापित करने में भी मदद करती है.
- पात्रता (Eligibility): भारत का कोई भी नागरिक किसान, जो 18 से 40 वर्ष के बीच है (कुछ मामलों में 12वीं पास), ऑनलाइन आवेदन कर सकता है.
PM किसान ट्रैक्टर योजना
किसानों के बीच पॉपुलर PM Kisan Tractor Yojana के तहत ट्रैक्टर खरीदने पर सब्सिडी दी जाती है. इसके तहत् ट्रैक्टर ऑन-रोड कीमत पर करीब 50 फीसदी तक सब्सिडी मिल सकती है. हालांकि सालाना 2 लाख रुपये से कम आय वाले किसान पात्र होते हैं. इसके लिए सभी वर्ग (General, OBC, SC/ST) आवेदन कर सकते हैं. इस योजना का मकसद किसानों पर आर्थिक बोझ कम करना और मशीनों का इस्तेमाल बढ़ाना है.
आवेदन के लिए किन जरूरी डॉक्यूमेंट्स की जरूरत होती है?
- आधार कार्ड
- जमीन के मालिकाना हक के दस्तावेज.
- बैंक खाते की जानकारी.
- पासपोर्ट साइज की फोटो
- आय प्रमाण पत्र
- आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर
PM किसान ट्रैक्टर योजना के लिए आवेदन कैसे करें
किसान PM किसान ट्रैक्टर योजना के लिए ऑनलाइन या ऑफलाइन तरीकों से आवेदन कर सकते हैं, यह उनके राज्य में योजना लागू करने के तरीके पर निर्भर करता है. इसके लिए,
- अपने राज्य के कृषि या सब्सिडी के आधिकारिक पोर्टल पर जाएं
- आधार और मोबाइल नंबर का इस्तेमाल करके रजिस्टर करें
- ट्रैक्टर सब्सिडी आवेदन फ़ॉर्म भरें
- जरूरी दस्तावेज अपलोड करें
- आवेदन जमा करें और रेफरेंस नंबर नोट कर लें
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