Gold and Silver Rate today: फिर चमके कीमती धातु, सोना ₹900 तो चांदी ₹5000 हुई महंगी, कमजोर डॉलर से बढ़ी मांग
डॉलर में कमजोरी और अमेरिकी फेड की ब्याज दरों में आगे कटौती की उम्मीदों से सोने और चांदी की सेफ-हेवन मांग मजबूत बनी हुई है. घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बढ़ी स्पॉट डिमांड के चलते दोनों कीमती धातुओं में तेजी के संकेत बने हुए हें.
Gold and Silver price: साल के पहले दिन यानी 1 जनवरी को सोने-चांदी की कीमतों में भले ही काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला हो, लेकिन शुक्रवार (2 जनवरी) की सुबह घरेलू वायदा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में तेज बढ़त देखने को मिली. कीमती धातुएं दोबारा चमकने लगी. इसकी बड़ी वजह स्पॉट मार्केट में मजबूत मांग और डॉलर का अपने प्रमुख प्रतिद्वंद्वियों के मुकाबले कमजोर होना है.
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर फरवरी डिलीवरी वाला सोना सुबह करीब 9.18 बजे 0.66% की तेजी के साथ ₹1,36,701 प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करता दिखा. वहीं मार्च डिलीवरी वाली चांदी 2.17% चढ़कर ₹2,40,985 प्रति किलो पर पहुंच गई. यानी शुरुआती कारोबार में सोना 900 रुपये तो चांदी 5000 रुपये से ज्यादा महंगी हो गई.
इंटरनेशनल में भी चढ़े भाव
घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों बाजारों में सोने-चांदी की स्पॉट डिमांड मजबूत बनी हुई है. अंतरराष्ट्रीय बाजार की बात करें तो स्पॉट गोल्ड करीब 1.11% की तेजी के साथ 4,376.79 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस पर पहुंच गया. वहीं स्पॉट सिल्वर ने 3.12% की छलांग लगाई, जिससे भाव 75.52 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस पर पहुंच गए.
रिटेल में क्या है कीमत?
कैरेटलेन की वेबसाइट पर 22 कैरेट वाला सोना 2 दिसंबर को 12587 रुपये प्रति ग्राम के हिसाब से मिल रहा है. वहीं बुलियन वेबसाइट के मुताबिक 24 कैरेट सोना 1110 रुपये चढ़कर 137200 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करती नजर आई, जबकि चांदी 6410 रुपये उछलकर 242,370 रुपये प्रति किलो पर जा पहुंची.
तेजी की वजह
डॉलर में कमजोरी और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ओर से आगे भी ब्याज दरों में कटौती की बढ़ती उम्मीदें सेफ-हेवन एसेट्स की मांग को लगातार सपोर्ट कर रही हैं. डॉलर इंडेक्स करीब दो हफ्ते के निचले स्तर के आसपास कारोबार कर रहा है. अब निवेशकों की नजर आने वाले अमेरिकी मैक्रो इकोनॉमिक आंकड़ों पर टिकी है, जो फेड की आगे की मौद्रिक नीति को लेकर उम्मीदों को प्रभावित करेंगे. इसी कड़ी में फेडरल ओपन मार्केट कमेटी (FOMC) की बैठक इस महीने 27–28 जनवरी को होने जा रही है, जिसमें ब्याज दरों पर अहम फैसला लिया जाएगा.