दिवाली से पहले झटका! 45 साल में सबसे ज्यादा महंगा हुआ सोना, जानें कहां पहुंची कीमतें
मध्य पूर्व में चल रहे भू-राजनीतिक तनाव और अमेरिकी फेडरल रिजर्व के ब्याज दरों में और कटौती किए जाने की संभावना के चलते अंतरराष्ट्रीय सोने की कीमतें अपने रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं. डेटा के मुताबिक इंटरनेशनल गोल्ड की कीमतें 45 साल में सबसे ज्यादा बढ़ी है.
भारत में त्योहारी सीजन शुरू हो चुका है. जल्द ही धनतेरस और दिवाली दस्तक देने को है. इसके बाद शादियों का भी दौर शुरू होगा. जिसकी वजह से सोने की खरीदारी बढ़ने वाली है, मगर इसी बीच खरीदारों के लिए एक बुरी खबर है. दरअसल मध्य पूर्व में चल रहे भू-राजनीतिक तनाव और अमेरिकी फेडरल रिजर्व के ब्याज दरों में और कटौती किए जाने की संभावना के चलते अंतरराष्ट्रीय सोने की कीमतें अपने रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं. डेटा के मुताबिक इंटरनेशनल गोल्ड की कीमतें 45 साल में सबसे ज्यादा बढ़ी है.
इस साल अंतरराष्ट्रीय सोने की कीमतों में 32.5 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है, जो 1979 के बाद से सबसे ज्यादा है. वहीं चांदी भी नई ऊंचाई पर पहुंच गई है. चार साल में इसमें सबसे बड़े उछाल को देखा गया है, चांदी 37.5 प्रतिशत बढ़ी है. घरेलू मोर्चे पर, एमसीएक्स सोना 23.6 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई वहीं चांदी भी 32.9 प्रतिशत चढ़े हैं. यह 2020 के बाद से अब तक की सबसे बड़ी बढ़त है.
चीन और यूएस के इस कदम से महंगा हुआ गोल्ड
विश्लेषकों का कहना है कि सितंबर में यूएस फेड के 50 आधार अंकों (बीपीएस) की कटौती का कीमती धातुओं पर प्रभाव पड़ा. वहीं चीन के सोने के भंडार में उल्लेखनीय वृद्धि के चलते भी इसकी कीमतों में इजाफा हुआ है. चीन ने 2024 में अपने भंडार में 29 टन सोना बढ़ाया, जो पिछले साल से 16 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है. इससे बाजार में खरीदारी का दबाव बढ़ गया है. इसके अलावा अमेरिकी डॉलर के कमजोर होने से सोने-चांदी की कीमतें बढ़ी हैं.
आज क्या है सोने के भाव?
बुधवार को सोने की कीमतों में स्थिरता देखने को मिली. 24 कैरेट सोने की कीमत 7982.3 रुपये प्रति ग्राम रही, जबकि 22 कैरेट सोने की कीमत 7318.3 रुपये प्रति ग्राम दर्ज की गई. पिछले एक हफ्ते में 24 कैरेट सोने की कीमत में 1.9% का बदलाव हुआ है. जबकि पिछले एक महीने में इसमें 4.08% की गिरावट आई है. चांदी की कीमत 104200.0 रुपये प्रति किलोग्राम है.
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