ट्रंप और पुतिन की 2 घंटे फोन पर बात, रूस यूक्रेन के बीच खत्म हो सकता है युद्ध; तुरंत शुरू होगी बातचीत

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बात करने के बाद कहा कि अब रूस और यूक्रेन के बीच बातचीत शुरू होगी, जिससे युद्ध विराम की संभावना बढ़ गई है. ट्रंप ने कहा कि वेटिकन इस बातचीत की मेजबानी कर सकता है.

रूस यूक्रेन के बीच युद्ध Image Credit: Money9live

Russia Ukrain Ceasefire: रूस और यूक्रेन के बीच लंबे समय से चल रहे संघर्ष पर अब विराम लग सकता है, युद्ध विराम की घोषणा हो सकती है क्योंकि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को कहा कि रूस और यूक्रेन अब बातचीत की प्रक्रिया तुरंत शुरू करेंगे. ये बात उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बात करने के बाद कही है. उन्होंने अपने ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर बताया कि पुतिन के साथ उनकी दो घंटे लंबी बातचीत चली जो बहुत अच्छी रही और अब युद्ध रोकने और शांति लाने के लिए बातचीत शुरू होने जा रही है. ये खबर शेयर बाजार के निवेशकों को भी खुश कर सकती है.

ट्रंप ने लिखा कि, वेटिकन दोनों देशों के बीच की बातचीत की मेजबानी कर सकता है. उन्होंने बताया, “पोप की ओर से वेटिकन ने रुचि दिखाई है कि वे इन बातचीतों की मेजबानी करना चाहेंगे.”

ट्रंप के मुताबिक, रूस को उम्मीद है कि युद्ध खत्म होने के बाद अमेरिका के साथ बड़े पैमाने पर बिजनेस होगा. उन्होंने कहा कि यूक्रेन को भी अपने देश के पुनर्निर्माण के दौरान बिजनेस से फायदा होगा.

हो सकता है युद्ध विराम: पुतिन

सोमवार को ही पुतिन ने कहा कि रूस यूक्रेन के साथ शांति समझौते पर बातचीत के लिए तैयार है. पुतिन ये भी बोले कि “हमने अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ सहमति बनाई है कि रूस एक शांति समझौते पर काम करने के लिए यूक्रेनी पक्ष के साथ मिलकर काम करने को तैयार है.”

पुतिन ने कहा कि, “अगर सही समझौते होते हैं तो युद्ध विराम हो सकता है.”

अमेरिका के उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने चेतावनी दी कि अगर पुतिन ने ईमानदारी से समाधान की इच्छा नहीं दिखाई, तो ट्रंप बातचीत की कोशिशें छोड़ भी सकते हैं.

इसी बीच जेलेंस्की ने रविवार को रोम में उप राष्ट्रपति वेंस और सेक्रेटरी ऑफ स्टेट मार्को रूबियो से मुलाकात की. बाद में उन्होंने X पर बताया कि बातचीत में प्रतिबंध, रक्षा सहयोग, युद्धक्षेत्र की स्थिति और कैदी की अदला-बदली पर चर्चा हुई है. उन्होंने कहा, रूस पर दबाव जरूरी है, जब तक वे युद्ध रोकने की इच्छा नहीं दिखाते.