भारत की नीतियों पर US की रिपोर्ट, डिजिटल ट्रेड में आ सकती है रुकावट, जानें डिटेल
अमेरिका की 2026 ट्रेड रिपोर्ट में भारत की सैटेलाइट नीति और इंटरनेट शटडाउन पर चिंता जताई गई है. रिपोर्ट के अनुसार DTH सेवाओं में घरेलू सैटेलाइट को प्राथमिकता देने और विदेशी ऑपरेटर पर प्रतिबंध जैसी नीतियां डिजिटल ट्रेड में बाधा बन सकती हैं. साथ ही इंटरनेट शटडाउन से भी अंतरराष्ट्रीय कारोबार प्रभावित होता है.
अमेरिका की एक ताजा ट्रेड रिपोर्ट में भारत की कुछ नीतियों पर सवाल उठाए गए हैं. रिपोर्ट में सैटेलाइट सेवाओं और इंटरनेट शटडाउन को डिजिटल ट्रेड के लिए बाधा बताया गया है. यह रिपोर्ट US ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव के दफ्तर की ओर से जारी की गई है. इसमें कहा गया है कि भारत की कुछ नीतियां विदेशी कंपनियों के लिए मुश्किलें पैदा कर सकती हैं. खास तौर पर DTH सर्विस और इंटरनेट नियमों को लेकर चिंता जताई गई है. इससे अंतरराष्ट्रीय कारोबार पर असर पड़ने की आशंका है.
US ट्रेड रिपोर्ट में क्या कहा गया
अमेरिका की 2026 नेशनल ट्रेड एस्टिमेट रिपोर्ट में भारत की नीतियों का जिक्र किया गया है. इसमें कहा गया है कि कुछ नियम विदेशी व्यापार के लिए बाधा बन सकते हैं. रिपोर्ट के अनुसार, डिजिटल सेक्टर में भारत की नीतियां वैश्विक कंपनियों के लिए चुनौती पैदा कर रही हैं. इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यापार प्रभावित हो सकता है.
सैटेलाइट पॉलिसी पर उठे सवाल
रिपोर्ट में भारत की सैटेलाइट पॉलिसी को लेकर चिंता जताई गई है. कहा गया है कि DTH सर्विस में घरेलू सैटेलाइट को प्राथमिकता दी जाती है. इससे विदेशी सैटेलाइट कंपनियों को बाजार में एंट्री में दिक्कत हो सकती है. यह नीति अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा को सीमित कर सकती है.
DTH सर्विस में घरेलू प्राथमिकता
सूचना और प्रसारण मंत्रालय की नीति के तहत DTH कंपनियों को भारतीय सैटेलाइट का उपयोग करना होता है. इसके लिए उन्हें इसरो की कमर्शियल इकाई एंट्रिक्स कॉर्पोरेशन से क्षमता लेनी पड़ती है. विदेशी सैटेलाइट का उपयोग तभी किया जा सकता है जब घरेलू विकल्प उपलब्ध न हो.
विदेशी कंपनियों को आ रही दिक्कतें
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि DTH लाइसेंसधारकों को सीधे विदेशी सैटेलाइट ऑपरेटर से समझौता करने की अनुमति नहीं मिलती. जब कंपनियां ऐसा करने की कोशिश करती हैं, तो उन्हें प्रक्रिया में देरी का सामना करना पड़ता है. इससे व्यापार में बाधा आती है.
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इंटरनेट शटडाउन भी चिंता का कारण
रिपोर्ट में भारत में लगाए जाने वाले इंटरनेट शटडाउन का भी जिक्र किया गया है. कहा गया है कि इससे डिजिटल बिजनेस और ऑनलाइन सेवाओं पर असर पड़ता है. यह कदम कंपनियों के ऑपरेशन को प्रभावित कर सकता है.
डिजिटल ट्रेड पर पड़ सकता है असर
इन सभी नीतियों के कारण अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के लिए भारत में काम करना मुश्किल हो सकता है. डिजिटल ट्रेड और निवेश पर इसका असर पड़ने की आशंका है. आने वाले समय में इन नीतियों पर चर्चा और बदलाव की संभावना बन सकती है.
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