डाटा सेंटर से जुड़े इन 4 स्टॉक्स में आंधी, 5 साल में दिया 7800% तक छप्परफाड़ रिटर्न, इस सेक्टर में क्यों है बूम

भारत में डाटा सेंटर सेक्टर तेजी से विस्तार कर रहा है. एवेनर कैपिटल की रिपोर्ट के मुताबिक, 2030 तक इसकी क्षमता 1.3GW से बढ़कर 5GW होने और 22 अरब डॉलर के निवेश का अनुमान है. डिजिटल इंडिया, AI और क्लाउड कंप्यूटिंग के विस्तार ने इस सेक्टर को निवेशकों के लिए एक आकर्षक अवसर में बदल दिया है.

Data centre Stocks Image Credit: Canva/ Money9

Data Centre Stocks: शेयर बाजार में पिछले कुछ समय से डाटा सेंटर से जुड़े स्टॉक्स में निवेशकों की काफी दिलचस्पी देखी जा रही है. भारत में भी डाटा सेंटर्स का तेजी से विस्तार हो रहा है. एवेनर कैपिटल (Avener Capital) की एक रिपोर्ट के अनुसार साल 2030 तक इसकी कैपेसिटी बढ़कर करीब 5GW तक पहुंचने की उम्मीद है, जो कि अभी 2024 के अंत में 1.3 गीगावाट थी. इस विस्तार के लिए इस सेक्टर में करीब 20 से 22 अरब डॉलर का निवेश आने का अनुमान जताया जा रहा है. यही वजह है कि शेयर बाजार में निवेश करने वाले निवेशकों के लिए यह सेक्टर दिलचस्पी का केंद्र बनता जा रहा है. इस रिपोर्ट में आप इस सेक्टर की चार ऐसी कंपनी के बारे में जानेंगे जिसने निवेशकों को मल्टीबैगर रिटर्न दिया है और आने वाले दिनों में इसमें तेजी देखी जा सकती है.

Anant Raj

इस कंपनी ने अपने कारोबार की शुरुआत रियल एस्टेट सेक्टर से की थी. लेकिन फिर इसने खुद को डााइवर्सिफाई करते हुए डाटा सेंटर और क्लाउड सर्विज में बड़ा दांव लगाया है. जून तिमाही तक इसकी ऑपरेशनल कैपेसिटी 28 मेगावाट थी. रिटर्न के मामले में भी कंपनी सोने का अंडा देने वाली मुर्गी साबित हुई है. पिछले तीन साल में इसके शेयर में 591 फीसदी की तेजी आई है. वहीं पांच साल की बात करें तो निवेशकों को 3067 फीसदी तक मुनाफा कराया है. यानी अगर आपने पांच साल पहले 1 लाख रुपये लगाया होता तो आज उसकी वैल्यू बढ़कर 30 लाख से अधिक हो गई होती.

Cummins India

यह कंपनी डाटा सेंटर सहित कई सेक्टर्स को पावर सॉल्यूशन मुहैया कराने वाली प्रमुख कंपनी है. जून तिमाही के दौरान इसके पावर जेन सेगमेंट की बिक्री में डाटा सेंटर का हिस्सा 15 से 20% था. कंपनी ने बैटरी एनर्जी स्टोरेज सॉलशंस भी लॉन्च किया है जो कि डाटा सेंटर बैकअप पावर और सोलर जैसी रिन्यूएबल एनर्जी के साथ जुड़ता है. इस कंपनी के स्टॉक 3952.40 रुपये पर कारोबार कर रहा है. पिछले पांच साल में इन्वेस्टर को 786 फीसदी का रिटर्न मिला है.

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E2E Networks

यह एक एआई सेंट्रिक कंपनी है जो कि क्लाउड कंप्यूटिंग बेस्ड डाटा सेंटर सर्विसेस देती है. हाल ही में L&T ने कंपनी की करीब 21 फीसदी हिस्सेदारी को 1406 करोड़ रुपये में खरीदा था. 9 अक्तूबर को बाजार खुलने के बाद इसके शेयर में 6.3 फीसदी की गिरावट आई है. हालांकि लॉन्ग टर्म इसने निवेशकों का शानदार मुनाफा कराया है. पिछले तीन साल में इसके 1828 फीसदी चढ़ा है तो वहीं पांच से में 7800 फीसदी का छप्परफाड़ मल्टीबैगर रिटर्न दिया है.

Netweb Technologies

यह कंपनी हाई परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग यानी कि HUP और डाटा सेंटर सॉल्यूशन की दिग्गज कंपनी है. कंपनी ने Skylus.ai नाम से एक नया AI लांच किया है जो कि एनवीडिया के साथ सर्वर मैन्युफैक्चरिंग में पार्टनरशिप पर है. पिछले पांच साल में इसके शेयर 340 फीसदी चढ़ें हैं. अभी इस कंपनी के एक शेयर कीमत 4180.10 रुपये हैं.

कैसा है डाटा सेंटर का भारत में बाजार?

फिलहाल डाटा सेंटर की मौजूदा मार्केट वैल्यू लगभग $10 अरब डॉलर है. भारत में यह बाजार सालाना 25% की सीएजीआर से बढ़ रहा है. इसके अलावा भारत में डाटा सेंटर की लागत भी काफी कम है. जिसके चलते इसे लेकर इन दिनों काफी दिलचस्पी देखी जा रही है. डाटा सेंटर बिजनेस में उछाल के कुछ खास वजह है. पहला कारण है सरकार की पॉलिसी. सरकारी सपोर्ट ने भारत डाटा सेंटर का हॉटस्पॉट बनाने में अहम भूमिका निभाई है.

डिजिटल इंडिया जैसी योजनाएं, डाटा सेंटर को क्रिटिकल इंफ्रास्ट्रक्चर का दर्जा, लोकल डाटा स्टोरेज कानून, जमीन, बिजली और मंजूरी मिलने पर मिलने वाली छूट ने भारत की स्थिति को मजबूत किया है. दूसरी वजह है तेजी से डिजिटलाइजेशन. भारत में 85 करोड़ से ज्यादा इंटरनेट यूजर हैं. स्मार्टफोन यूजर्स की बढ़ती आवादी ने भारत को तेजी से डिजिटल बना रही है. ई-कॉमर्स, फिनटेक, AI और ott प्लेटफार्म के विस्तार ने बड़े पैमाने पर स्केलेबल डाटा इंफ्रास्ट्रक्चर की मांग को पैदा दिया है. 

भारत का एआई बाजार तेजी से बढ़ रहा है और साल 2027 तक इसके 20 से 22 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है. यानी कि सालाना करीब 30% की ग्रोथ. भारत पूरी दुनिया के डाटा का करीब 20% बनाता है. लेकिन ग्लोबल डाटा सेंटर क्षमता में अभी इसकी हिस्सेदारी केवल 3% है. यानी बड़े पैमाने पर नए डाटा सेंटर बनाने का अवसर है.  Google, Amazon, वेब सर्विस, Microsoft, ब्लैकस्टोन जैसे दिग्गज भारत के डाटा सेंटर बाजार पर अरबों डॉलर का निवेश कर रहे हैं. इसलिए इस सेक्टर में निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ रही है.

डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें