पेंगुइन पब्लिकेशन देसी है या विदेशी, जानें कितनी है कमाई, हर साल छाप देती है 300 किताबें

पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की किताब को लेकर विवाद के बीच Penguin Random House India ने साफ किया है कि किताब अभी प्रकाशित नहीं हुई है. कंपनी ग्लोबल पब्लिशिंग ग्रुप Penguin Random House की भारतीय इकाई है. कंपनी हर साल करीब 300 किताबें प्रकाशित करती है और 2024 में भारत में इसकी आय 404 करोड़ रुपये से ज्यादा रही.

पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया Image Credit: tv9 & PRHI

पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की किताब Four Stars of Destiny को लेकर सियासी विवाद तेज हो गया है. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा किताब के कथित अंशों का हवाला देने के बाद सरकार की ओर से आपत्ति जताई गई और कहा गया कि यह किताब अभी प्रकाशित ही नहीं हुई है. इसी बीच इस किताब की प्रकाशक कंपनी Penguin Random House India (पेंगुइन रैंडम इंडिया हाउस) ने आधिकारिक बयान जारी कर स्पष्ट किया है कि किताब अब तक प्रकाशित नहीं हुई है और इसकी कोई अधिकृत कॉपी बाजार या ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है. ऐसे में लोगों के मन में यह सवाल है कि Penguin Publication आखिर भारतीय कंपनी है या विदेशी?

किताब को लेकर क्या है विवाद

Penguin Random House India (PRHI) ने अपने बयान में कहा कि जनरल नरवणे की किताब के प्रकाशन अधिकार उसी के पास हैं और फिलहाल यह पुस्तक प्रकाशित नहीं हुई है. कंपनी ने साफ किया कि प्रिंट या डिजिटल किसी भी रूप में किताब की कोई आधिकारिक कॉपी जारी, वितरित या बेची नहीं गई है. प्रकाशक के मुताबिक, अगर कहीं भी किताब के अंश या कॉपी प्रसारित हो रही हैं तो वह कॉपीराइट का उल्लंघन है और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. दरअसल, यह विवाद तब शुरू हुआ जब राहुल गांधी ने लोकसभा में “फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी” की एक कॉपी दिखाई और उसके कथित अंशों का हवाला दिया. इसके बाद सरकार की ओर से कहा गया कि किताब आधिकारिक रूप से जारी नहीं हुई है. इसी के बाद प्रकाशक को स्थिति स्पष्ट करने के लिए बयान जारी करना पड़ा.

भारतीय या विदेशी कंपनी

Penguin Random House India की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यह ग्लोबल प्रकाशन समूह Penguin Random House की भारतीय सब्सिडरी कंपनी है. मूल कंपनी Penguin Random House (PRH) की स्थापना 2013 में Penguin और Random House के विलय से हुई थी. भारत में Penguin Books India और Random House India के एक साथ आने के बाद PRHI बना. जर्मनी की मीडिया कंपनी Bertelsmann साल 2020 में Penguin Random House की पूर्ण मालिक बन गई. यानी मूल कंपनी विदेशी है, जबकि भारत में इसका संचालन भारतीय इकाई के तौर पर होता है.

कितनी है कमाई

‘द बुकसेलर’ की रिपोर्ट के मुताबिक, Penguin Random House का रेवेन्यू 2024 में 8.5% बढ़कर 4.9 अरब यूरो यानी 52430 करोड़ रुपये पहुंच गया था. ‘क्रिसिल रेटिंग’ के मुताबिक, Penguin Random House India की ऑपरेटिंग इनकम वित्त वर्ष 2024 में बढ़कर 404.60 करोड़ रुपये हो गई जो 2023 में 343.46 करोड़ रुपये थी. हालांकि नेट प्रॉफिट घटकर 8.95 करोड़ रुपये रह गया, जो एक साल पहले 24.18 करोड़ रुपये था और PAT मार्जिन 2.21% पर आ गया. कंपनी का 2025-26 में कारोबार 120-140 करोड़ रुपये रहने की उम्मीद है. कंपनी पर बाहरी कर्ज नहीं है और इंटरेस्ट कवरेज 45.83 गुना है और सितंबर 2024 तक 9.74 करोड़ रुपये का फ्री कैश मौजूद था.

भारत में कारोबार

PRHI अंग्रेजी और हिंदी सहित कई भारतीय भाषाओं में किताबें प्रकाशित करता है. इसके अलावा यह क्षेत्रीय प्रकाशकों के साथ मिलकर मराठी, तमिल, तेलुगु, मलयालम, बंगाली, गुजराती और कन्नड़ भाषाओं में भी प्रकाशन करता है. कंपनी भारत में 1985 से सक्रिय है और हर साल करीब 300 नई किताबें प्रकाशित करती है. इसके पास 3,000 से ज्यादा टाइटल का बैकलिस्ट पोर्टफोलियो है. PRHI ने अमिताभ घोष, अरुंधति रॉय, सुधा मूर्ति, एपीजे अब्दुल कलाम जैसे कई बड़े लेखकों की किताबें प्रकाशित की हैं.