Indian Railways की बड़ी तैयारी: 1500 वंदे भारत कोच बनाने की मंजूरी, इन 3 रेलवे स्टॉक्स को मिलेगा फायदा!

इस कदम को सेमी हाई स्पीड डे टाइम रेल सेवाओं के विस्तार की दिशा में बड़ा फैसला माना जा रहा है. इस फैसले से रेलवे से जुड़ी कई कंपनियों के लिए नए ऑर्डर और बिजनेस के मौके खुल सकते हैं, जिसका असर इनके शेयरों पर देखने को मिल सकता है.

Railway Stocks Image Credit: @AI/Money9live

Indian Railways ने वंदे भारत चेयर कार कोच के प्रोडक्शन को लेकर अपना पुराना फैसला बदलते हुए वित्त वर्ष 27 से वित्त वर्ष 30 के बीच 1500 नए कोच बनाने की मंजूरी दे दी है. इन कोच से कुल 88 नई रेक तैयार होंगी, जिनमें 68 रेक 16 कोच वाली और 20 रेक 20 कोच वाली होंगी. इन रेक का इस्तेमाल प्रमुख इंटरसिटी रूट्स पर चलने वाली पुरानी शताब्दी एक्सप्रेस ट्रेनों की जगह किया जाएगा. इस कदम को सेमी हाई स्पीड डे टाइम रेल सेवाओं के विस्तार की दिशा में बड़ा फैसला माना जा रहा है. इस फैसले से रेलवे से जुड़ी कई कंपनियों के लिए नए ऑर्डर और बिजनेस के मौके खुल सकते हैं, जिसका असर इनके शेयरों पर देखने को मिल सकता है.

Titagarh Rail Systems Ltd

  • Titagarh Rail Systems Ltd रेलवे कोच, फ्रेट वैगन, मेट्रो ट्रेन और हेवी इक्विपमेंट बनाने वाली एक प्रमुख कंपनी है. कंपनी की स्थापना 1997 में हुई थी और इसका हेडक्वार्टर कोलकाता में है. यह कंपनी Indian Railways के लिए बड़े पैमाने पर सप्लाई करती है और इंटरनेशनल क्लाइंट्स के साथ भी काम करती है. वंदे भारत प्रोजेक्ट में भी कंपनी की मजबूत मौजूदगी है.
  • फिलहाल कंपनी के पास BHEL के साथ जॉइंट वेंचर के जरिए करीब 7026 करोड़ रुपये के वंदे भारत ऑर्डर हैं, जबकि Q2FY26 तक इसकी कुल ऑर्डर बुक 15077 करोड़ रुपये की है.
  • तिमाही नतीजों की बात करें तो कंपनी का रेवेन्यू 24 प्रतिशत गिरकर 1057 करोड़ रुपये से 799 करोड़ रुपये पर आ गया, वहीं नेट प्रॉफिट 54 प्रतिशत घटकर 81 करोड़ रुपये से 37 करोड़ रुपये रह गया. हालांकि लंबी अवधि में कंपनी का प्रदर्शन मजबूत रहा है और इसका तीन साल का प्रॉफिट CAGR 883 प्रतिशत और सेल्स CAGR 38 प्रतिशत रहा है.
  • 1 फरवरी को शेयर करीब 785.4 रुपये पर ट्रेड कर रहा है और यह अपने 52 वीक हाई से करीब 28.6 प्रतिशत नीचे है.

Airfloa Rail Technology Ltd

  • Airfloa Rail Technology Ltd हाई स्पीड ट्रेन कंपोनेंट्स, एयरोडायनामिक सॉल्यूशन और हल्के स्ट्रक्चर डिजाइन और मैन्युफैक्चर करने का काम करती है. कंपनी की स्थापना 1998 में हुई थी और इसका हेडक्वार्टर बेंगलुरु में है. यह कंपनी मेट्रो और मेनलाइन रेलवे प्रोजेक्ट्स के लिए कई OEM कंपनियों के साथ साझेदारी में काम करती है. हालिया कॉन्फ्रेंस कॉल में कंपनी ने बताया है कि वह वंदे भारत डोर सिस्टम पर ज्यादा फोकस करेगी, क्योंकि इसमें ऑर्डर वॉल्यूम ज्यादा है और मुनाफे की संभावनाएं बेहतर हैं.
  • Q2FY26 तक कंपनी की ऑर्डर बुक 455 करोड़ रुपये की है. फाइनेंशियल परफॉर्मेंस देखें तो H1FY26 में कंपनी का रेवेन्यू 7 प्रतिशत बढ़कर 85 करोड़ रुपये से 91 करोड़ रुपये हो गया, जबकि नेट प्रॉफिट 20 प्रतिशत बढ़कर 10 करोड़ रुपये से 12 करोड़ रुपये पहुंच गया. कंपनी का तीन साल का प्रॉफिट CAGR 127 प्रतिशत और सेल्स CAGR 12 प्रतिशत रहा है.
  • 1 फरवरी को शेयर करीब 268.1 रुपये पर ट्रेड कर रहा है और यह अपने 52 वीक हाई से करीब 12 प्रतिशत नीचे है.

Ramkrishna Forgings Limited

  • Ramkrishna Forgings Limited ऑटोमोबाइल, रेलवे, ऑयल एंड गैस और हेवी इंजीनियरिंग सेक्टर के लिए फोर्ज्ड कंपोनेंट्स बनाने वाली जानी मानी कंपनी है. कंपनी की स्थापना 1981 में हुई थी और इसका हेडक्वार्टर कोलकाता में है. यह कंपनी Caterpillar जैसी ग्लोबल कंपनियों के साथ साथ Indian Railways को भी सप्लाई करती है.
  • Q2FY26 में कंपनी को 1116 करोड़ रुपये के नए ऑर्डर मिले, जिनमें से 296 करोड़ रुपये के ऑर्डर रेलवे सेक्टर से आए. तिमाही नतीजों में कंपनी का रेवेन्यू 2.3 प्रतिशत बढ़कर 1074 करोड़ रुपये से 1099 करोड़ रुपये हो गया, लेकिन नेट प्रॉफिट 33 प्रतिशत गिरकर 21 करोड़ रुपये से 14 करोड़ रुपये रह गया.
  • 1 फरवरी को शेयर करीब 510.1 रुपये पर ट्रेड कर रहा है और यह अपने 52 वीक हाई से करीब 40.86 प्रतिशत नीचे है.

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डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.