₹69 कीमत! मर्जर की खबर से चमका ये पेनी स्टॉक, बड़े इन्वेस्टमेंट और बंपर इंसेंटिव से पलटेगी किस्मत?

ग्रीन मैन्युफैक्चरिंग कंपनी KD Green Industries ने अपने ग्रुप की कंपनी KD Iron & Steel के साथ मर्जर का ऐलान कर निवेशकों का ध्यान खींच लिया है. इस डील से कंपनी की उत्पादन क्षमता दोगुनी होने, 325 करोड़ रुपये के निवेश और 600 करोड़ रुपये के सरकारी इंसेंटिव का रास्ता खुल गया है.

स्‍मॉल कैप स्‍टॉक Image Credit: Money9live/Canva

ग्रीन मैन्युफैक्चरिंग और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की दिग्गज कंपनी KD Green Industries के निवेशकों के लिए एक बेहद बड़ी और मुनाफे वाली खबर आई है. कंपनी अपने बिजनेस का दायरा बढ़ाने के लिए ग्रुप की ही एक और बड़ी कंपनी ‘KD Iron & Steel Pvt Ltd’ का खुद में मर्जर (विलय) करने जा रही है. इस बड़ी डील की आहट मिलते ही आज शेयर बाजार में KD Green के स्टॉक में जबरदस्त तेजी देखने को मिली. ₹65 पर खुला यह सस्ता शेयर देखते ही देखते उछलकर ₹69 पर ट्रेड करने लगा. बोर्ड से इस मर्चर को इन-प्रिंसिपल मंजूरी मिल चुकी है.

क्यों आई शेयर में तेजी?

इस मर्जर के बाद बनने वाली नई इकाई की बैलेंस शीट बेहद मजबूत होने वाली है. KD Iron & Steel फिलहाल ‘XTECH’ ब्रांड नाम से प्रीमियम स्टील प्रोडक्ट्स बनाती है. इस मर्जर से कंपनी की मैन्युफैक्चरिंग क्षमता सीधे दोगुनी हो जाएगी:

  • फर्नेस क्षमता: 90,000 मीट्रिक टन से बढ़कर सीधे 1.8 लाख मीट्रिक टन सालाना हो जाएगी.
  • रोलिंग क्षमता: 99,000 मीट्रिक टन से बढ़कर 2 लाख मीट्रिक टन सालाना पहुंच जाएगी.

क्षमता दोगुनी होने से कंपनी का रेवेन्यू और प्रॉफिट बढ़ने की पूरी उम्मीद है, यही वजह है कि आज निवेशकों ने स्टॉक पर भरोसा जताया.

₹325 करोड़ का निवेश और ₹600 करोड़ का बंपर इंसेंटिव

स्टॉक मार्केट के लिहाज से इस डील में दो और बड़े ट्रिगर हैं जो भविष्य में शेयर को रॉकेट बना सकते हैं. पहला, KD Iron & Steel अपने विस्तार के लिए ₹325 करोड़ का भारी-भरकम निवेश कर रही है. दूसरा, कंपनी को असम सरकार से अगले 15 सालों के लिए करीब ₹600 करोड़ के इंसेंटिव की मंजूरी मिल चुकी है. यह सरकारी मदद कंपनी के फ्यूचर एक्सपेंशन प्लान को बिना किसी वित्तीय बोझ के पूरा करने में मदद करेगी.

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ग्रीन एनर्जी से घटेगा खर्च, बढ़ेगा मुनाफा

कंपनी केवल क्षमता ही नहीं बढ़ा रही है, बल्कि लागत घटाने पर भी काम कर रही है. इसके तहत 25 मेगावाट का एक कैप्टिव सोलर पावर प्लांट लगाया जा रहा है. रीसाइकल्ड मेटल स्क्रैप और इलेक्ट्रिक इंडक्शन फर्नेस तकनीक का इस्तेमाल करने के कारण कंपनी की एनर्जी कॉस्ट काफी कम हो जाएगी. लागत घटने का सीधा फायदा कंपनी के ऑपरेटिंग प्रॉफिट (EBITDA) में दिखेगा, जो लॉन्ग टर्म इन्वेस्टर्स के लिए एक बेहतरीन संकेत है. यह मर्जर पावर, रेलवे और टेलीकॉम जैसे बड़े सेक्टर्स की जरूरतों को पूरा करेगा.

डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.