बिहार सरकार की बड़ी पहल, गन्ना किसानों को मिलेगा मुफ्त गन्ना बीज; 15 दिन में रजिस्ट्रेशन जरूरी
बिहार सरकार ने गन्ना किसानों और चीनी उद्योग को मजबूती देने के लिए बड़ा फैसला लिया है. अब राज्य के गन्ना किसानों को मुफ्त गन्ना बीज मिलेगा. इसके लिए 15 दिनों के भीतर रजिस्ट्रेशन अनिवार्य किया गया है. सरकार का मकसद गन्ना उत्पादन बढ़ाकर चीनी मिलों को कच्चे माल की कमी से बचाना है.
Bihar Sarkar and Ganna Beej Yojana: बिहार के राज्य सरकार ने गन्ना किसानों को राहत देने और चीनी उद्योग को मजबूती देने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है. सरकार ने तय किया है कि राज्य के गन्ना किसानों को निशुल्क गन्ना बीज उपलब्ध कराया जाएगा. इसके साथ ही सभी गन्ना किसानों को 15 दिनों के भीतर अपना रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य किया गया है, ताकि वे इस योजना का फायदा उठा सकें.
ऐसे बढ़ेगा गन्ना का प्रोडक्शन
गन्ना उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव के. सेंथिल कुमार ने शुक्रवार, 30 जनवरी को बताया कि बिहार में चीनी मिलों की संख्या बढ़ाने और उनकी कैपेसिटी को बेहतर बनाने के लिए सरकार लगातार कोशिश कर रही है. इसके लिए जरूरी है कि राज्य में गन्ना प्रोडक्शन को बढ़ाया जाए, ताकि चीनी मिलों को कच्चे माल की कमी न हो. इसी उद्देश्य से सरकार उन इलाकों के किसानों को भी गन्ना की खेती के लिए प्रोत्साहित कर रही है, जहां अभी तक गन्ना की खेती नहीं होती है. ऐसे किसानों को पांच एकड़ तक गन्ना की खेती के लिए मुफ्त गन्ना बीज उपलब्ध कराया जाएगा.
15 दिनों के भीतर चुकाया जाए बकाया भुगतान
एसीएस के. सेंथिल कुमार ने विभागीय सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिया कि जिन क्षेत्रों में अभी गन्ना प्रोडक्शन नहीं हो रहा है, उन्हें नए गन्ना क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाए. उन्होंने कहा कि किसानों के बीच गन्ना खेती को लेकर व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि ज्यादा से ज्यादा किसान इस फसल को अपनाने के लिए आगे आएं. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि गन्ना किसानों के बकाया भुगतान में किसी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. सभी चीनी मिलों को निर्देश दिए गए हैं कि किसानों का बकाया मूल्य 15 दिनों के भीतर अनिवार्य रूप से चुकाया जाए. साथ ही, राज्य के सभी गन्ना किसानों का रजिस्ट्रेशन भी तय समय सीमा के अंदर पूरा किया जाए.
कई विषयों पर हुई समीक्षा
बैठक के दौरान ईख मूल्य भुगतान, मुख्यमंत्री गन्ना विकास योजना, यांत्रिकरण योजना, गुड़ प्रोत्साहन योजना, चीनी मिलों से जुड़ी समस्याएं, नई चीनी मिलों की स्थापना और अन्य विभागीय योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई. अपर मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य सरकार किसानों के हित में कई योजनाएं चला रही है और यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि इन योजनाओं का वास्तविक लाभ सीधे किसानों तक पहुंचे. वहीं, ईखायुक्त अनिल कुमार झा ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रमाणित बीज उत्पादन प्रोत्साहन कार्यक्रम के तहत तय किए गए लक्ष्यों को हर हाल में पूरा किया जाए.
उन्होंने कहा कि बेहतर प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों और संबंधित लोगों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया जाएगा. इस बैठक में संयुक्त ईखायुक्त जेपीएन सिंह, राज्य की सभी चीनी मिलों के महाप्रबंधक, उपनिदेशक, सहायक निदेशक और अन्य ईख विभाग के अधिकारी मौजूद रहे.
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