विश्व को दिशा देने वाला होगा भारत और अमेरिका का संबंध, WITT के महामंच पर बोले पीयूष गोयल
टीवी9 नेटवर्क के What India Thinks Today के तीसरे संस्करण के महामंच पर केंद्रीय कॉमर्स मंत्री पीयूष गोयल ने शिरकत की. उन्होंने कहा कि अमेरिका और भारत के बीच चल रही ट्रेड डील पर कई अहम बातें साझा कीं. भारत और अमेरिका की ताकत साझेदारी की ताकत है.
WITT: टीवी9 नेटवर्क के What India Thinks Today के तीसरे संस्करण के महामंच पर केंद्रीय कॉमर्स मंत्री पीयूष गोयल ने शिरकत की. उन्होंने अमेरिका और भारत के बीच चल रही ट्रेड डील पर कई अहम बातें साझा कीं. उन्होंने कहा कि ट्रेड डील पर बातचीत बेहद ही जटील मुद्दा होता है. बहुत सारी चीजें आगे-पीछे चलती रहती हैं. कई फैक्टर्स को आप देखते, सोचते और समझते हैं और फिर संतुलन बनाकर आगे बढ़ते हैं. इसके अलावा एक दूसरे की संवेदनशीलता का भी आपको ध्यान रखना होता है. इसलिए जब आप किसी भी देश के साथ ट्रेड एग्रीमेंट पर बातचीत करते हैं, तो हमेशा आगे की तरफ देखते हैं.
ट्रेड डील पर बातचीत
यह पूछे जाने पर कि भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील का क्या स्टेटस है. इसपर उन्होंने कहा कि जब तक कोई भी समझौता पूरा नहीं हो जाता है, तब तक उसपर पब्लिक में बातचीत नहीं की जानी चाहिए. भारत और अमेरिका के साथ एग्रीमेंट पर हम ट्रैक पर हैं.
पीयूष गोयल ने कहा कि बीते दिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना दोस्त मानते हैं. इसलिए आने वाले दिनों में आत्म विश्वास के साथ काम करना है और हमें मिलकर इन संबंधों को बढ़ाना है. भारत और अमेरिका के बीच संबंध विश्व को दिशा देना वाला होगा.
उन्होंने कहा कि एक बैलैंस ट्रेड एग्रीमेंट हो, इसपर काम कर रहे हैं. भारत इंडिया फर्स्ट के हिसाब से आगे बढ़ रहा है और अमेरिका, अमेरिका फर्स्ट के हिसाब से आगे बढ़ रहा है. भारत और अमेरिका की ताकत साझेदारी की ताकत है. दो बड़े लोकतांत्रिक देश जब मिलकर काम करें, तो सभी नागरिकों को इसका लाभ मिलेगा.
बता दें कि दूसरी बार व्हाइट हाउस पहुंचे राष्ट्रपति ट्रंप लगातार अपने साझेदार देशों पर ट्रैरिफ लगा रहे हैं. उन्होंने भारत पर भी 2 अप्रैल से पारस्परिक शुल्क लगाने की बात कही है. इसलिए भारत अमेरिका के साथ एक ट्रेड एग्रीमेंट पर बातचीत कर रहा है.
डिमांड और डेमोग्राफी
मैन्युफैक्चरिंग के सेक्टर को बढ़ावा देने के मुद्दे पर गोयल ने कहा कि भारत के पास इस सेक्टर को ऑफर करने के लिए कई एडवांटेज हैं. 140 करोड़ भारतीय एक बड़ा डिमांड क्रिएट करते हैं. घरेलू डिमांड मैन्युफैक्चरिंग को सपोर्ट करता है और स्केल ग्लोबल मार्केट में प्रतिस्पर्धी बनाता है. हम एक भरोसेमंद पार्टनर हैं. हमारे पास डिमांड है, बेस्ट डेमेग्रॉफी है. इसके अलावा डेमोक्रेसी और डायवर्सिटी भी हमारी ताकत हैं. इसलिए भारत मैन्युफैक्चरिंग के लिए एक भरोसेमंद डेस्टिनेशन के रूप में उभर रहा है.
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