टियर-3 कॉलेज के स्टूडेंट ने 12 लाख सैलरी को 2 साल में ₹24 LPA तक पहुंचाया, जॉब भी नहीं बदली, शेयर की जर्नी स्टोरी

टियर-3 कॉलेज से पढ़े एक युवा टेक प्रोफेशनल ने बिना IIT टैग और बार-बार जॉब बदले सिर्फ 2 साल में अपनी सैलरी ₹12 लाख से ₹24 लाख सालाना तक पहुंचा दी हैं. स्टार्टअप में शुरुआती इंटर्नशिप, स्किल्स पर फोकस और सही नेटवर्किंग ने इस ग्रोथ में अहम भूमिका निभाई. उसने अपनी ग्रोथ स्टोरी रेडिट पर शेयर की है.

2 साल में डबल कर ली सैलरी Image Credit: canva

एक टियर-3 कॉलेज से पढ़ाई करने वाले युवा सॉफ्टवेयर डेवलपर ने महज दो साल में अपनी सैलरी ₹12 लाख प्रति वर्ष से बढ़ाकर ₹24 लाख प्रति वर्ष तक पहुंचा ली है. खास बात यह है कि न तो उसके पास IIT जैसा कोई बड़ा टैग था और न ही उसने बार-बार नौकरी बदली. सॉफ्टवेयर डेवलपर ने अपनी इस जर्नी की स्टोरी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Reddit पर शेयर की है जहां उसने अपने करियर ग्रोथ की पूरी कहानी बताई है. इस पर कई सोशल मीडिया यूजर्स ने प्रतिक्रिया भी दी है.

पढाई के दौरान ही शुरू कर दिया काम

इस टेक प्रोफेशनल ने रेडिट पर बताया कि उसने इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की पढाई के दौरान ही काम शुरू कर दिया था. तीसरे साल के बीच में उसने एक स्टार्टअप में SDE (सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट इंजीनियर) इंटर्न के तौर पर जॉइन किया, जहां उसे ₹25,000 प्रति महीने स्टाइपेंड मिलता था. पांच महीने बाद उसका स्टाइपेंड बढ़ाकर ₹35,000 कर दिया गया.

इसके बाद, फाइनल ईयर में उसने एक दूसरे स्टार्टअप में इंटर्नशिप की, जहां उसे ₹45,000 प्रति महीने मिलने लगे. 6 महीने की इंटर्नशिप पूरी होने के बाद उसी कंपनी ने उसे फुल-टाइम रोल ऑफर किया, जिसमें शुरुआती पैकेज ₹12 लाख प्रति वर्ष था. फुल-टाइम नौकरी के पहले ही साल में उसकी सैलरी बढ़कर ₹18 लाख हो गई और अगले अप्रेजल साइकिल में यह ₹24 लाख प्रति वर्ष तक पहुंच गई.

सिर्फ एक बार किया स्विच

उस टेक प्रोफेशनल ने आगे बताया कि उसने अपने पूरे करियर में केवल एक बार स्विच किया वह भी इंटर्नशिप के दौरान. इसके बाद वह उसी कंपनी में बना रहा. हालांकि, इतनी तेज ग्रोथ के बावजूद उसने यह भी स्वीकार किया कि हाल के समय में वह थोड़ा कंफर्ट जोन में चला गया है और आगे कैसे खुद को बेहतर बनाए, इस पर सलाह चाहता है.

कैसे किया अप्रोच

उसने यह भी शेयर किया कि उसे इंटर्नशिप कैसे मिली. वह शुरुआती दौर के स्टार्टअप्स के फाउंडर्स को सीधे LinkedIn पर मैसेज करता था, खासकर उन कंपनियों को जो हाल ही में फंडिंग लेकर आई थीं. वह Y Combinator जैसी डायरेक्टरी और स्टार्टअप से जुड़ी खबरों के जरिए नए स्टार्टअप्स को ट्रैक करता और फिर अपना रिज्यूमे व एक छोटा सा मैसेज भेजता था, जिसमें वह अपनी भूमिका और रुचि बताता था. यह तरीका मेरे लिए काफी अच्छा और असरदार साबित हुआ.

यूजर्स की प्रतिक्रिया

इस पोस्ट पर सोशल मीडिया यूजर्स ने जमकर प्रतिक्रिया दी. कई यूजर्स ने इसे टियर-3 कॉलेज से आने वाले युवाओं के लिए प्रेरणादायक बताया. वहीं, कुछ ने इसे मेहनत और सही रणनीति का नतीजा कहा तो किसी ने शुरुआती स्टार्टअप्स में सीखने और तेजी से आगे बढ़ने के मौके की सराहना की. एक यूजर ने लिखा, “मैं एक टियर-3 कॉलेज से हूं. मैंने अपने करियर की शुरुआत 4.5 लाख रुपये सालाना सैलरी से की थी और 6.5 साल में यह बढ़कर 85 लाख रुपये सालाना तक पहुंच गई. यह ज्यादातर इस बात पर निर्भर करता है कि आप खुद को कैसे पोजिशन करते हैं और अपने करियर को किस दिशा में आगे बढ़ाते हैं.”