इन नवरत्न PSU को मिला 2026 का पहला बड़ा ऑर्डर, असम सरकार से 567 करोड़ का कॉन्ट्रैक्ट, सोमवार को फोकस में रखें शेयर

रेलटेल को 2026 का पहला बड़ा ऑर्डर मिला है जिसकी कीमत करीब 567 करोड़ रुपये है. यह प्रोजेक्ट असम के लिए हॉस्पिटल मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम से जुड़ा है और जनवरी 2032 तक चलेगा. हाल के महीनों में शेयर में गिरावट के बाद यह ऑर्डर निवेशकों के लिए राहत भरा संकेत है.

रेलटेल को 2026 का पहला बड़ा ऑर्डर मिला है. Image Credit: Getty image

RailTel Corporation of India एक बार फिर निवेशकों के रडार पर आ गया है. कंपनी को 2026 का पहला बड़ा ऑर्डर मिला है, जिसकी वैल्यू करीब 567 करोड़ रुपये है. यह प्रोजेक्ट हेल्थ सेक्टर से जुड़ा हुआ है और लंबे समय तक रेवेन्यू विजिबिलिटी देता है. हाल के महीनों में शेयर में गिरावट देखी गई थी, ऐसे में यह ऑर्डर शेयर की दिशा बदल सकता है. निवेशक अब यही जानना चाहते हैं कि क्या इससे रेलटेल में नई तेजी आएगी.

2026 का पहला बड़ा ऑर्डर

रेलटेल को असम हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट एंड मैनेजमेंट सोसाइटी से लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस मिला है. यह ऑर्डर हॉस्पिटल मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम से जुडा है. इस प्रोजेक्ट में सिस्टम की सप्लाई इंप्लीमेंटेशन और मेंटेनेंस शामिल है. प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत 567 करोड़ रुपये है. इसे जनवरी 2032 तक पूरा किया जाना है.

HMIS प्रोजेक्ट क्यों है खास

यह प्रोजेक्ट रेलटेल को हेल्थ सेक्टर में मजबूत मौजूदगी देता है. सरकारी हेल्थ डिजिटल सिस्टम भविष्य में तेजी से बढ़ने वाला सेगमेंट माना जाता है. लंबे समय तक चलने वाला यह प्रोजेक्ट कंपनी को स्थिर कैश फ्लो दे सकता है. इससे रेलटेल की प्रोजेक्ट बुक और रेवेन्यू विजिबिलिटी मजबूत होती है. निवेशकों के लिए यह भरोसे का संकेत है.

बिंदुविवरण
कंपनी का नामRailTel Corporation of India
PSU स्टेटसNavratna PSU
ऑर्डर का साल2026 का पहला बड़ा ऑर्डर
ऑर्डर देने वाली संस्थाAssam Health Infrastructure Development and Management Society
प्रोजेक्ट का नामHospital Management Information System HMIS
ऑर्डर वैल्यू567 करोड़ रुपये
प्रोजेक्ट अवधिजनवरी 2032 तक
काम का दायरासिस्टम सप्लाई इंप्लीमेंटेशन और मेंटेनेंस
सेक्टरहेल्थ टेक्नोलॉजी
पिछले 6 महीने में शेयरकरीब 10 प्रतिशत गिरावट
RSI स्तरलगभग 62
3 साल का रिटर्नकरीब 184 प्रतिशत
हालिया बंद भाव376 रुपये
निवेशकों के लिए संकेतलॉन्ग टर्म रेवेन्यू विजिबिलिटी और री रेटिंग की संभावना

शेयर की चाल और टेक्निकल संकेत

रेलटेल का शेयर पिछले छह महीनों में करीब 1O फीसदी गिर चुका है. फिलहाल शेयर का RSI 62 के आसपास है. यह बताता है कि स्टॉक न तो ज्यादा महंगा है और न ही ज्यादा सस्ता. तीन साल में शेयर करीब 184 फीसदी का रिटर्न दे चुका है. ऐसे में नया ऑर्डर शेयर में दोबारा रुचि जगा सकता है. कंपनी के शेयर शुक्रवार को 1.40 फीसदी की तेजी के साथ 376 रुपये पर बंद हुए.

Navratna PSU होने का फायदा

रेलटेल एक नवरत्न PSU है और देश की बडी टेलिकॉम इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों में शामिल है. कंपनी के पास रेलवे ट्रैक के साथ ऑप्टिकल फाइबर नेटवर्क है. इसके क्लाइंट्स में कई सरकारी संस्थाएं शामिल हैं. सरकारी प्रोजेक्ट्स में अनुभव रेलटेल को अन्य कंपनियों से आगे रखता है.

ये भी पढ़ें- Suzlon के शेयर फिर बनेंगे रॉकेट, अभी कर लीजिए ये काम; एक्सपर्ट ने कहा मिलेगा तगड़ा रिटर्न

निवेशकों के लिए क्या मायने

567 करोड़ का यह ऑर्डर रेलटेल के लिए री रेटिंग ट्रिगर बन सकता है. हेल्थ सेक्टर और टेक्नोलॉजी का कॉम्बिनेशन लॉन्ग टर्म ग्रोथ की कहानी बनाता है. अगर आगे भी ऐसे ऑर्डर मिलते हैं तो शेयर में रिकवरी संभव है. निवेशकों को कंपनी के ऑर्डर फ्लो और नतीजों पर नजर रखनी चाहिए.